गौरी शंकर गुप्ता/जशपुर। Pathalgaon Fertilizer Scam के तहत खाद की कालाबाजारी और किसानों से मनमानी वसूली करने वाले उर्वरक विक्रेताओं के खिलाफ जिला प्रशासन और कृषि विभाग ने सख्त रुख अपना लिया है। पत्थलगांव विकासखंड में निर्धारित सरकारी दर से अधिक कीमत पर यूरिया बेच रहे ‘अन्नपूर्णा खाद भंडार’ पर कार्रवाई करते हुए कृषि विभाग की टीम ने दुकान को 7 दिनों के लिए सील कर दिया है।
किसानों द्वारा लगातार मिल रही ओवररेटिंग की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए कृषि विभाग की टीम ने अन्नपूर्णा खाद भंडार का औचक निरीक्षण और सत्यापन किया। जांच के दौरान यह स्पष्ट रूप से प्रमाणित हुआ कि दुकान संचालक सरकारी तय दरों की अनदेखी कर यूरिया को ऊंची कीमतों पर बेच रहा था। अनियमितता पाए जाने पर अधिकारियों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए दुकान को सील कर दिया।
विभाग द्वारा यह कार्रवाई ‘उर्वरक नियंत्रण आदेश, 1985’ के तहत की गई है। दुकान को 7 दिनों के लिए बंद करने के साथ ही संबंधित संचालक को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब तलब किया गया है। इस छापामार कार्रवाई में अनुविभागीय कृषि अधिकारी आर.के. पैंकरा, वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी जीवन एक्का, कृषि विकास अधिकारी मंत्री राम राठिया और ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी कृष्ण कुमार चौधरी शामिल रहे।
मामले में कृषि विभाग के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि पूरे जिले में रासायनिक खाद की उपलब्धता, वितरण और बिक्री दरों पर 24 घंटे निगरानी रखी जा रही है। विभाग ने चेतावनी दी है कि किसानों से अधिक मूल्य वसूलने वाले विक्रेताओं के खिलाफ आगे भी कड़ी कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी। इसके साथ ही किसानों से अपील की गई है कि वे केवल निर्धारित दर पर ही उर्वरक खरीदें और किसी भी प्रकार की धांधली या ओवररेटिंग होने पर तुरंत कृषि विभाग को सूचित करें।
