गौरी शंकर गुप्ता/घरघोड़ा/रायगढ़। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) श्री शशि मोहन सिंह के निर्देशन में जिलेभर में चलाए जा रहे व्यापक जनजागरूकता अभियान के तहत St. Ann’s High School, घरघोड़ा में आयोजित ‘छात्र प्रेसीडेंट चयन’ (Student President Election) कार्यक्रम में घरघोड़ा थाना प्रभारी निरीक्षक कुमार गौरव साहू मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। विद्यालय परिसर पहुंचने पर स्कूल प्रबंधन, शिक्षकों और छात्र-छात्राओं ने उनका आत्मीय स्वागत किया।
नए आपराधिक कानूनों और मौलिक अधिकारों की दी जानकारी
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए निरीक्षक कुमार गौरव साहू ने हायर सेकेंडरी के विद्यार्थियों को भारतीय न्याय संहिता (BNS) सहित नवीन आपराधिक कानूनों की प्रमुख विशेषताओं से अवगत कराया। उन्होंने कहा कि नए कानून नागरिक अधिकारों की रक्षा, पीड़ितों को त्वरित न्याय दिलाने और महिलाओं व बच्चों की सुरक्षा को अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से लागू किए गए हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को बताया कि शिक्षा और स्वास्थ्य हर बच्चे का मौलिक अधिकार है तथा अनुशासन व नैतिकता ही एक सशक्त समाज की पहचान है।
साइबर अपराध और डिजिटल सुरक्षा के प्रति किया सतर्क
वर्तमान समय में सोशल मीडिया और इंटरनेट के बढ़ते प्रभाव का जिक्र करते हुए थाना प्रभारी ने छात्रों को ऑनलाइन फ्रॉड, फर्जी लिंक, ओटीपी शेयरिंग, ऑनलाइन गेमिंग के खतरों और सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि वे डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग सतर्कता और जिम्मेदारी के साथ करें तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।
पॉक्सो एक्ट और हेल्पलाइन नंबरों की दी गई जानकारी
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को पॉक्सो (POCSO) एक्ट, गुड टच-बैड टच, बाल संरक्षण संबंधी कानूनों और आपात स्थिति में मदद पाने के तरीकों के बारे में बताया गया। इसके साथ ही डायल-112 एवं ‘हेलो सिस्टर हेल्पलाइन’ (94792 50733) सहित विभिन्न पुलिस हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी देकर छात्रों को बिना किसी हिचकिचाहट के पुलिस से संपर्क करने के लिए प्रेरित किया गया।
इस अवसर पर विद्यालय की प्राचार्या Sr. Malini Digal, उप-प्राचार्या Sr. Chinna, मैनेजर Sr. Bertha, शिक्षक प्रतिनिधि Mr. Shanta Khadbande सहित समस्त शिक्षकवृंद और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह का संदेश
“विद्यालय केवल शिक्षा का केंद्र नहीं, बल्कि जिम्मेदार और कानून का सम्मान करने वाले नागरिकों के निर्माण की आधारशिला हैं। विद्यार्थियों में कानूनी जागरूकता, अनुशासन और साइबर सुरक्षा की समझ विकसित करना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है।”
