दिल्ली: दिल्ली-NCR में पिछले कुछ दिनों में हुई हल्की बारिश के बाद वायु गुणवत्ता में सुधार देखने को मिला है. इसी के चलते रविवार को केंद्र की समिति ने ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP-3) की पाबंदियां हटा ली हैं. अब निर्माण कार्य समेत कई गतिविधियों पर लगी रोक को खत्म कर दिया गया है. शनिवार और रविवार को दिल्ली-NCR के कुछ इलाकों में हल्की बारिश हुई, जिससे दिल्ली की आबोहवा में प्रदूषण स्तर में गिरावट दर्ज की गई.
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के आंकड़ों के मुताबिक, रविवार सुबह दिल्ली का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 284 दर्ज किया गया, जो खराब श्रेणी में आता है. यह GRAP-3 की पाबंदियां हटाने के लिए पर्याप्त है. गौरतलब है कि दो दिन पहले दिल्ली का AQI 300 से अधिक होने पर GRAP-3 की पाबंदियां फिर से लागू की गई थीं.
स्कूल और वाहन प्रतिबंधों में मिली राहत
GRAP-3 के तहत लगाए गए कई प्रतिबंध अब हटा दिए गए हैं. दिल्ली-NCR में निर्माण कार्य की अनुमति दे दी गई है. BS-4 या उससे पुराने मध्यम और भारी वाहनों पर लगा प्रतिबंध भी खत्म कर दिया गया है. इसके अलावाअब केवल 5वीं कक्षा तक के स्कूल हाइब्रिड मोड में चलेंगे, जबकि छठी से 12वीं तक की कक्षाएं स्कूल में नियमित रूप से आयोजित की जाएंगी. आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति करने वाले सभी वाहनों को भी अब दिल्ली-NCR में आने-जाने की अनुमति मिल गई है.
बारिश ने सुधारी दिल्ली की आबोहवा
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, शनिवार को दिल्ली के विभिन्न इलाकों में हल्की बारिश दर्ज की गई. सफदरजंग में 1.6 मिमी, पालम में 2.4 मिमी, दिल्ली विश्वविद्यालय में 2 मिमी, पूसा में 1.5 मिमी और नजफगढ़ में 4 मिमी बारिश हुई. बारिश के चलते वायु में मौजूद प्रदूषकों की मात्रा कम हो गई और प्रदूषण का स्तर घट गया. IMD ने बताया कि न्यूनतम तापमान सामान्य 7.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. आगामी घंटों में करावल नगर, दिलशाद गार्डन, सीमापुरी, शाहदरा, नजफगढ़ और द्वारका समेत कई इलाकों में बारिश की संभावना जताई गई है.
GRAP-3 में कौन से प्रतिबंध लगते हैं?
GRAP-3 के तहत प्रतिबंध तब लागू किए जाते हैं जब AQI 300 से ऊपर में पहुंच जाता है. इन प्रतिबंधों में निर्माण कार्य पर रोक, BS-4 वाहनों पर प्रतिबंध और स्कूलों को हाइब्रिड मोड में चलाने जैसे उपाय शामिल होते हैं. प्रदूषण बढ़ने पर ये प्रतिबंध फिर से लागू किए जा सकते हैं. विशेषज्ञों का कहना है कि ठंड और कोहरे के मौसम में प्रदूषण स्तर में उतार-चढ़ाव हो सकता है. इसलिए सतर्कता और प्रदूषण से बचाव के उपायों को जारी रखना होगा. साथ ही, नागरिकों को भी व्यक्तिगत स्तर पर प्रदूषण कम करने के प्रयासों में योगदान देना चाहिए.
Author Profile
Latest entries
Breaking NewsJuly 4, 2025MP NEWS: सिंचाई और जल संरक्षण को मिल रही गति, मनरेगा के तहत खेत तालाब और अमृत सरोवर का निर्माण जारी: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव…
राज्यJuly 4, 2025MP NEWS: सिंचाई और जल संरक्षण को मिल रही गति, मनरेगा के तहत खेत तालाब और अमृत सरोवर का निर्माण जारी: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव…
राज्यJuly 4, 2025MP NEWS: सिंचाई और जल संरक्षण को मिल रही गति, मनरेगा के तहत खेत तालाब और अमृत सरोवर का निर्माण जारी: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव…
राज्यJuly 4, 2025MP NEWS: सिंचाई और जल संरक्षण को मिल रही गति, मनरेगा के तहत खेत तालाब और अमृत सरोवर का निर्माण जारी: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव…
