Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Knock India
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • छत्तीसगढ़
      • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • करियर
      • लाइफ स्टाइल
    Knock India
    Home » Blog » सीना तान कर कह सकता हूं कि भारत अब नक्सल-मुक्त हो चुका है: अमित शाह
    छत्तीसगढ़

    सीना तान कर कह सकता हूं कि भारत अब नक्सल-मुक्त हो चुका है: अमित शाह

    Knock IndiaBy Knock IndiaMay 19, 2026No Comments8 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    सीना तान कर कह सकता हूं कि भारत अब नक्सल-मुक्त हो चुका है: अमित शाह
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    Bastar. बस्तर। केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने आज छत्तीसगढ़ के जगदलपुर में शहीदों के परिजनों, CAPFs और नक्सल पीड़ितों के साथ मुलाकात व चर्चा की। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, केन्द्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन, आसूचना ब्यूरो के निदेशक तपन डेका, नक्सलमुक्त राज्यों के पुलिस महानिदेशक सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। अपने संबोधन में केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने कहा कि वह सीना तानकर कह सकते हैं कि भारत नक्सल मुक्त हो चुका है। यह ऐसा सपना था, जिसे साकार करने के लिए हजारों जवानों ने अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। उन्होंने कहा कि 6 दशकों तक नक्सलवाद को देश की जनता ने एक दुःस्वप्न की तरह झेला है। नक्सल प्रभावित क्षेत्र के लिए तो यह भीषण रक्तपात, विकास का अंधेरा और युवाओं के सामने अंधकारमय भविष्य था ही, परंतु जिन राज्यों में नक्सलवाद नहीं था, वहाँ के लोग भी संवेदनशीलता के साथ इस क्षेत्र की चिंता करते थे। उन्होंने खुशी जताते हुए कहा कि तीन पीढ़ियों तक जिस नक्सलवाद को समाप्त नहीं किया जा सका, उसे हमारे वीर जवानों ने मात्र तीन वर्षों में समाप्त कर दिखाया।

    अमित शाह ने कहा कि 21 जनवरी 2024, 24 अगस्त 2024 और 31 मार्च 2026 की तीन तारीखें नक्सल उन्मूलन के इतिहास में स्वर्णिम अक्षरों से लिखी जाएंगी। छत्तीसगढ़ में हमारी सरकार बनने के बाद नक्सलवाद पर 21 जनवरी 2024 को नक्सलवाद पर पहली बैठक हुई, 24 अगस्त 2024 को 31-03-2026 तक नक्सलवाद समाप्त करने का संकल्प, और 31 मार्च 2026 को इस संकल्प की पूर्ति – ये तीन तिथियाँ नक्सलमुक्त भारत अभियान के इतिहास में स्वर्णिम अक्षरों में अंकित होंगे। माँ दंतेश्वरी की कृपा है कि आज 31 मार्च 2026 को नक्सल मुक्त बस्तर बनाने का हमारा लक्ष्य आखिरकार पूरा हो गया।

    गृह मंत्री ने कहा कि आज बस्तर में शहीद वीर गुण्डाधुर सेवा डेरा प्रकल्प की शुरुआत हुई। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में हमारे लगभग 200 CAPF कैंप हैं। ये 200 कैंप अब तक यहां के आदिवासियों, किसानों, बच्चों और महिलाओं की नक्सलियों से सुरक्षा का काम करते थे। इन 200 में से 70 कैंप शहीद वीर गुण्डाधुर सेवा डेरा के नाम से जाने जाएंगे और इस क्षेत्र को विकसित करने का मॉडल बनेंगे। उन्होंने कहा कि यहाँ से 371 योजनाओं का काम ऑनलाइन हो सकेगा। राशन कार्ड और आधार कार्ड जन सेवा केन्द्र से बन सकेगा, साथ ही सस्ता अनाज नहीं मिलने की शिकायत दर्ज कराई जा सकती है, बैंक अकाउंट भी इस केन्द्र से ऑपरेट हो सकेगा। स्वास्थ्य संबंधी सेवाएं उपलब्ध हो सकेंगी। यह डेयरी मिल्क कलेक्शन सेंटर का भी काम करेगा। अच्छी खेती करने के लिए कृषि विभाग का मार्गदर्शन भी मिलेगा। यहाँ कौशल विकास केंद्र ग्रामीणों के रोजगार का केंद्र बनेगा और वहीं प्रौढ़ शिक्षा का काम शुरू होगा। उन्होंने कहा कि तीन माह के भीतर हम एनआईडी के सहयोग से इसका पूरा नक्शा तैयार कर एक सम्पूर्ण विकास परियोजना शहीद वीर गुण्डाधुर सेवा डेरा के नाम से जमीन पर उतारने का काम करेंगे। इससे माओवादियों के समर्थक बुद्धिजीवियों को संदेश मिलेगा। उन्होंने कहा कि माओवाद इसलिए नहीं फैला था कि यहां विकास नहीं था, बल्कि यहां विकास नहीं होने का कारण ही हथियारबंद नक्सल अभियान था। अब हथियारबंद नक्सल अभियान समाप्त हो गया है।

    केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने विश्वास जताया कि देश के सभी आदिवासी संभागों में बस्तर सबसे विकसित आदिवासी संभाग बनेगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी की सरकार ने इस देश के गरीब, पिछड़े, दलित, आदिवासियों के लिए ढेर सारी योजनाएं बनाई हैं। किसानों का धान ₹3100 क्विंटल की दर से खरीदने की योजना मौजूद है, मगर बस्तर के किसान कभी बेच नहीं पाए। हर आदिवासी को घर में प्रति व्यक्ति प्रति माह 7 किलो धान-चावल मिलता है, मगर यहाँ के लोगों को हमारी सरकार आने से पहले नहीं मिला। भर्तियों में बस्तर के युवाओं को मौका ही नहीं मिला। उन्होंने कहा कि बस्तर के व्यंजन जितने स्वादिष्ट व्यंजन उन्होंने भारत भर में कहीं नहीं खाए। यहां की कला, खेल, संगीत, नृत्य और यहां की परंपराओं को नक्सलियों ने नष्ट कर दिया था। उन्होंने हजारों लोगों के जीवन को रौंदने का काम किया। लेकिन आज बस्तर एक नया सवेरा देख रहा है और विकास के रास्ते पर आगे बढ़ने के लिए संकल्पबद्ध है। यह ऐतिहासिक पल ऐसे ही नहीं आया। आज कार्यक्रम में मौजूद कुछ लोगों ने अपने परिजनों का खून बहते देखा है। अपने प्रियजनों को गंवाया है। शहीद सुरक्षाकर्मियों के परिजन भी यहां हैं। निर्दोष आदिवासी परिवारों के लोगों को निर्ममता से मार दिया गया। ऐसे भी लोग कार्यक्रम में हैं जो नक्सलियों का साथ छोड़कर डीआरजी जॉइन कर इस अभियान को सफल बनाने में लगे हैं।

    अमित शाह ने कहा कि नक्सलियों के खिलाफ अभियान की सफलता में डीआरजी के सिपाहियों और कोबरा के जवानों का बड़ा योगदान है। नक्सलियों के खिलाफ वे सबसे बहादुरी से लड़े। सुरक्षा बलों के सामूहिक प्रयास से ही हम यह शुभ दिन देख रहे। सीआरपीएफ, बीएसएफ, आईटीबीपी, एसएसबी, छत्तीसगढ़ पुलिस, डीआरजी, एसटीएफ, बस्तर फाइटर, सभी राज्यों के पुलिस फोर्स, सबके संयुक्त अभियान से ही हम सफलता प्राप्त कर पाए। उन्होंने कहा कि सरेंडर करने वाले नक्सलियों के पुनर्वास के अभियान में समाज के प्रमुख लोगों का बहुत बड़ा योगदान रहा। बस्तर के पत्रकारों और विभिन्न जनप्रतिनिधियों का बहुत बड़ा योगदान रहा। गृह मंत्री ने उनके प्रति आभार प्रकट किया। गृह मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने 2014 में देश की कमान संभालने के बाद देश की बाहरी और आंतरिक सुरक्षा दोनों को मजबूत करने का एक खाका तैयार किया। इसमें जम्मू-कश्मीर, उत्तर-पूर्व और नक्सलवाद, ये तीनों बहुत बड़ी चुनौतियाँ थीं। लेकिन आज यह कहते हुए खुशी हो रही है कि मोटे तौर पर देश तीनों समस्याओं से मुक्त होकर विकास के रास्ते पर आगे चल पड़ा है। उन्होंने कहा कि आज नेतानार गांव में जब शहीद गुण्डाधुर के नाम से गुण्डाधुर सेवा डेरा का उद्घाटन हुआ, तो वहां उन्होंने आदिवासी भाइयों-बहनों के चेहरे पर आशा की किरण देखी। आज नेतानार गांव की 400 आदिवासी भाइयों-बहनों से मिलकर आत्मसंतोष हुआ। श्री शाह ने कहा कि मुख्यधारा में आने के लिए हथियार डाल चुके नक्सलियों के परिजनों को वह विश्वास दिलाना चाहते हैं कि कुछ ही समय में आपके परिजन स्किल और पढ़ाई-लिखाई के साथ आपके परिवार में आपके बीच आकर रहेंगे और मुख्यधारा के भारत के नागरिक का जीवन जी पाएंगे। आत्मसमर्पण कर चुके 3000 नक्सलियों के पुनर्वास के लिए हमने विस्तृत योजना बनाई है। भारत सरकार ने शुरुआती तौर पर 20 करोड़ रुपये उनकी स्किलिंग, शिक्षा और उन्हें सहज मानव बनाने के लिए आवंटित किए हैं, ताकि वो अपने परिवार के साथ घुलें-मिलें, समाज में उनका सम्मान हो और वे सिर ऊंचा करके जी सकें। इस प्रयास में मोदी सरकार कोई कसर नहीं छोड़ेगी। केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने विश्वास जताया कि बस्तर का समाज कटुता भुलाकर और बड़े हृदय के साथ आत्मसमर्पण कर चुके 3000 भाइयों-बहनों को स्वीकार करेगा और उन्हें सम्मान देगा। उन्होंने कहा कि मोदी जी ने 2047 तक पूर्ण विकसित भारत का एक संकल्प देश की जनता के सामने रखा है। मगर विकसित बस्तर के बगैर विकसित भारत का संकल्प अधूरा है। नक्सलवाद अब समाप्त हो गया है। छत्तीसगढ़ सरकार और भारत सरकार की जिम्मेदारी है कि बीते 50 साल में हुए आपके नुकसान की भरपाई हम आने वाले पाँच साल में करें और आपको बाकी देश के समकक्ष लाकर विकसित बस्तर का संकल्प पूरा करें। गृह मंत्रालय आपको हर सुविधा मुहैया कराने के लिए कार्य करेगा। चाहे रोड बनाना हो, ग्रामीण विकास के सभी क्षेत्र हों, चाहे बैंक की शाखाएं या डाक घर खोलना हो, गैस सिलिंडर पहुंचाने हों या हर घर में नल से जल पहुंचाना हो, हर चीज की चिंता मोदी जी के नेतृत्व में गृह मंत्रालय और भारत सरकार करेगी। गृह मंत्री ने सीएपीएफ के सभी जवानों को नमन करते हुए कहा कि ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट में जवानों ने 45 डिग्री तापमान में आपूर्ति की चिंता किए बगैर, हजारों बिछे माइंस की परवाह किए बिना, अभियान चलाया। ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट ना हुआ होता, वह पहाड़ी खाली ना हुई होती, तो नक्सल मुक्त बस्तर असंभव था। नक्सलियों को जब पहाड़ी से नीचे आना पड़ा तो उन्होंने सरेंडर करना शुरू कर दिया, मुठभेड़ें होती गईं और नक्सली मारे गए। इस अभियान में कई जवानों ने अपने पैर गंवाए, डिहाइड्रेशन का शिकार बने और कई प्रकार की कठिनाइयां झेली। चाहे ऑपरेशन ब्लैक फॉरेस्ट हो या ऑपरेशन प्रहार, ऑपरेशन ऑक्टोपस हो या ऑपरेशन डबल बुल, झारखंड से लेकर बिहार और बस्तर से लेकर तेलंगाना तक का पूरा क्षेत्र इन ऑपरेशनों ने क्लियर किया और अब क्षेत्र को विकसित करने का रास्ता भी प्रशस्त किया। उन्होंने कहा कि वह इस उज्ज्वल बस्तर का पूरा यश सीएपीएफ के जवानों को देते हैं। उन्होंने कहा कि नक्सलियों ने आदिवासियों के सैकड़ों घरों को कई बार एक साथ जला दिया गया। इतने बड़े नुकसान और नरसंहार के खिलाफ हमारी फोर्स ने बहादुरी के साथ लड़ाई लड़ी। अपनी जान की परवाह किए बगैर अपना सर्वस्व बलिदान देकर जवानों ने कई लोगों के जीवन को बचाया। आज यहां कई आदिवासी समुदायों के प्रमुख मौजूद हैं, जो बधाई के पात्र हैं क्योंकि उन्होंने बस्तर को बचाकर रखा और समाज को हिम्मत देने का काम किया। अमित शाह ने कहा कि अब कोई निर्दोष आदिवासी मारा नहीं जाएगा। स्कूलें बंद नहीं होंगी। बिजली नहीं कटेगी। खेतों से कोई लेवी नहीं मांगेगा। तेंदूपत्ता का पूरा दाम केवल और केवल आदिवासियों के बैंक अकाउंट में जमा होगा। बस्तर के किसानों के धान का दाम सीधे उनके बैंक अकाउंट में जमा होगा। बस्तर ओलंपिक और बस्तर पंडुम बस्तर की मूल संस्कृति को फिर से पुनर्जीवित करने का प्रयास है।

    Knock India

    Related Posts

    पड़ोसी किसानों की सफलता से बढ़ा भरोसा, पहली बार नैनो यूरिया और नैनो डीएपी अपनाएंगे समयलाल….

    July 16, 2026

    सीएम हेल्पलाइन का असर: तीन माह से बंद सोलर पेयजल संयंत्र फिर हुआ चालू….

    July 16, 2026

    नक्सल प्रभावित रहे सुकमा से खेल प्रतिभा की नई उड़ान, शैली गुप्ता ने अंतरराष्ट्रीय मत्सोगी-डो चैंपियनशिप में जीता स्वर्ण पदक…..

    July 16, 2026

    सरगुजा पर्यटन को नई उड़ान देने की पहल: फेम ट्रिप के अंतर्गत टूर ऑपरेटर्स ने अम्बिकापुर के आतिथ्य और होटल सुविधाओं का लिया अनुभव….

    July 16, 2026

    सेवा सेतु की तत्परता से सुरक्षित हुआ इंजीनियरिंग प्रवेश, उसी दिन मिला निवास प्रमाण पत्र….

    July 16, 2026

    मुख्यमंत्री हेल्पलाइन बनी सहारा, शमाबाई रामटेके की वर्षों पुरानी समस्या का हुआ समाधान, आधार कार्ड में सुधार और बायोमेट्रिक अपडेट होने से मिली राहत, शिकायतकर्ता ने जताया संतोष……

    July 16, 2026
    RO.NO.= 13848/141
    विज्ञापन
    हमसे सम्पर्क करें
    संपादक - KHURSHID ALAM
    मोबाइल - 07828272058
    ईमेल - [email protected]
    कार्यालय - Near Ratan Bhawan Phool Chowk Nayapara,CSEB Road Raipur (C.G.)
    July 2026
    M T W T F S S
     12345
    6789101112
    13141516171819
    20212223242526
    2728293031  
    « Jun    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.