Category: छत्तीसगढ़

  • छत्तीसगढ़ में 8 नक्सलियों  ने किया आत्मसमर्पण, 2 नक्सली 50 हजार के ईनामी, पुलिस को थी लंबे समय से तलाश

    छत्तीसगढ़ में 8 नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण, 2 नक्सली 50 हजार के ईनामी, पुलिस को थी लंबे समय से तलाश

    दंतेवाड़ा
     छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में नक्सल उन्मूलन के तहत चल रहे लोन वर्राटू अभियान का असर एक बार फिर देखने को मिला है। इस अभियान से प्रेरित होकर आठ नक्सलियों ने मुख्यधारा में लौटते हुए सरेंडर किया है। इन नक्सलियों में दो ऐसे भी शामिल हैं, जिन पर प्रशासन ने 50-50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था।
    एसपी ऑफिस में किया सरेंडर

    ये सभी नक्सली विभिन्न क्षेत्रों में सक्रिय थे और लंबे समय से संगठन से जुड़े हुए थे। इन्होंने दंतेवाड़ा स्थित पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर सरेंडर किया। इस दौरान पुलिस और सीआरपीएफ के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
    सीआरपीएफ की भूमिका

     इस सफलता में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) की भूमिका को अहम माना जा रहा है। सुरक्षा बलों की सतत कार्रवाई, जनसंपर्क और पुनर्वास नीतियों के चलते नक्सलियों में संगठन छोड़ने की प्रवृत्ति लगातार बढ़ रही है।

    बता दें, सरेंडर करने वाले नक्सलियों को शासन की पुनर्वास नीति के तहत जरूरी सहायता दी जाएगी और उन्हें समाज की मुख्यधारा में शामिल होने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। यह कदम नक्सलवाद से प्रभावित क्षेत्र में शांति बहाली की दिशा में एक और सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।
    एनकाउंटर में 3 नक्सलियों की मौत

    छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा और बीजापुर जिलों की सीमा पर शनिवार की सुबह सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ शुरू हुई। यह मुठभेड़ सुबह करीब 7 बजे शुरू हुई, जो रुक-रुककर अभी भी जारी है। इस दौरान तीन नक्सलियों के मारे जाने की खबर सामने आई है।

    हथियार के साथ आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को सरकार देगी लाखों रूपए, एलएमजी के बदले 5 लाख और एके-47 पर 4 लाख रुपये

    छत्तीसगढ़ नक्सलवादी आत्मसमर्पण/पीड़ित राहत-पुनर्वास नीति 2025” को लागू करना वास्तव में छत्तीसगढ़ सरकार की राज्य में शांति बहाली, विकास और सामाजिक समरसता की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का कहना है कि जो हथियार छोड़ेंगे, उन्हें भय नहीं, बल्कि सम्मान मिलेगा। वर्षों से जंगल-जंगल भटक रहे युवा, जो किसी भ्रम या दबाववश नक्सली संगठन में शामिल हो गए हैं, उनके लिए यह नीति एक नया जीवन शुरू करने का द्वार है। आत्मसमर्पण कर वे न केवल खुद का, बल्कि अपने परिवार और समाज का भविष्य भी सुरक्षित कर सकते हैं।

    नई नीति में हथियारों के साथ आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को सरकार ने लाखों रूपए की मुआवजा राशि देने का प्रावधान किया है। एलएमजी के साथ आत्मसमर्पण करने वाले नक्सली को 5 लाख रुपये मुआवजा के तौर मिलेगा। इसी तरह एके-47/त्रिची असॉल्ट रायफल पर 4 लाख रुपये, मोर्टार पर 2.50 लाख रुपये, एसएलआर/ इंसास रायफल पर 2 लाख रुपये, एक्स 95 असाल्ट रायफल/एमपी-9 टेक्टिल पर 1.50 लाख रूपए, थ्री नाट थ्री रायफल पर 1 लाख रूपए, एक्स-कैलिबर पर 75 हजार रूपए, और यूबीजीएल अटेचमेंट पर 40 हजार रूपए, 315/12 बोर बंदुक पर 30 हजार रूपए, ग्लॉक पिस्टल पर 30 हजार रूपए के साथ ही अन्य छोटे हथियारों जैसे कार्बाइन, रिवॉल्वर, वायरलेस, डेटोनेटर आदि पर भी मुआवजा राशि का प्रावधान है।

    हर आत्मसमर्पणकर्ता नक्सली को, भले ही उसके पास हथियार हों या न हों, उसे 50 हजार रूपए की नगद प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। यदि कोई आत्मसमर्पित नक्सली, नक्सलियों द्वारा छिपाए गए आईईडी या विस्फोटकों की सूचना देकर उन्हें बरामद कराता है, तो उसे 15,000 से 25,000 तक की अतिरिक्त राशि दी जाएगी। बड़े हथियार डंप या विस्फोटक सामग्री की जानकारी देने पर एक लाख तक का इनाम मिलेगा। आत्मसमर्पणकर्ता यदि विवाह करने के इच्छुक हैं तो उसको एक लाख की विवाह अनुदान राशि भी दी जाएगी। यदि पति और पत्नी दोनों आत्मसमर्पित नक्सली हैं, तो उन्हें एक इकाई मानते हुए यह लाभ दिया जाएगा।

    छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा घोषित इनामी सूची में शामिल नक्सली के आत्मसमर्पण पर उन्हें पूरी इनामी राशि नियमों के अनुसार प्रदान की जाएगी। राज्य सरकार की इस नीति के साथ-साथ भारत सरकार की पुनर्वास योजनाओं का लाभ भी आत्मसमर्पित नक्सलियों को मिलेगा। इस नीति में यह सुनिश्चित किया गया है कि उन्हें समाज में दोबारा स्थापित होने के लिए हरसंभव मदद मिले। आत्मसमर्पणकर्ता को सिर्फ प्रोत्साहन राशि, मुआवजा, ईनाम ही न मिले बल्किे उसे इसके साथ शिक्षा, पसंद के अनुसार रोजगार-व्यवसाय के लिए कौशल प्रशिक्षण, स्वरोजगार और सामाजिक सम्मान भी मिेले।

    मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का कहना है कि हिंसा किसी समाधान का रास्ता नहीं है। हिंसा का रास्ता छोड़कर विकास की मुख्यधारा में शामिल होने वाले नक्सलियों के सुरक्षित भविष्य और स्वरोजगार के लिए हमारी सरकार हरसंभव मदद देगी।

     

  • 20 किलो गांजे के साथ 2 अंतर्राज्यीय तस्कर गिरफ्तार

    20 किलो गांजे के साथ 2 अंतर्राज्यीय तस्कर गिरफ्तार

    रायपुर

    रायपुर पुलिस ने नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए थाना गंज क्षेत्र के नहरपारा रोड पर आत्मानंद स्कूल के पास 20 किलो 270 ग्राम गांजा जब्त किया. इस दौरान दो अंतर्राज्यीय तस्करों आकाश कुशवाहा (राजस्थान) और नीलेश मालवीय (मध्य प्रदेश) को रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया. जब्त गांजे की कीमत 2,02,000 रुपये आंकी गई है.

    एण्टी क्राइम एंड साइबर यूनिट और थाना गंज पुलिस की टीम ने मुखबिर की सूचना पर 11 अप्रैल को यह कार्रवाई की. पुलिस महानिरीक्षक अमरेश मिश्रा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देश पर नशे के खिलाफ अभियान (War On Drugs) चलाया जा रहा है. अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक लखन पटले और संदीप मित्तल के नेतृत्व में टीम ने तस्करों को पकड़ा.

    आकाश कुशवाहा (26, राजस्थान) और नीलेश मालवीय (30, मध्य प्रदेश) के कब्जे से गांजा बरामद हुआ. आकाश पहले भी मारपीट और बलवा के मामले में जेल जा चुका है. दोनों के खिलाफ थाना गंज में अपराध क्रमांक 99/25, धारा 20बी नारकोटिक एक्ट (NDPS Act) के तहत मामला दर्ज किया गया.

    पुलिस फॉरवर्ड और बैकवर्ड लिंकेजेस के आधार पर अन्य संदिग्धों की तलाश कर रही है. प्रभारी निरीक्षक यशवंत सिंह और एण्टी क्राइम यूनिट के परेश कुमार पाण्डेय सहित कई अधिकारियों की इस कार्रवाई में अहम भूमिका रही.

  • उपभोक्ताओं को न्याय दिलाने में उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के कार्य सराहनीय – अरुण साव

    उपभोक्ताओं को न्याय दिलाने में उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के कार्य सराहनीय – अरुण साव

     उपभोक्ताओं को न्याय दिलाने में उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के कार्य सराहनीय – अरुण साव

    उपभोक्ता जागरूकता सम्मेलन में शामिल हुए उप मुख्यमंत्री, आयोग के द्विवार्षिक प्रतिवेदन का किया विमोचन

    17 जिला स्तरीय आयोगों में जल्द शुरू होगी ई-सुनवाई की सुविधा – न्यायमूर्ति गौतम चौरड़िया

    उपभोक्तताओं को जागरूक करने व्यापक प्रचार-प्रसार कार्यक्रम संचालित किया जाएगा

    रायपुर

    उप मुख्यमंत्री तथा विधि एवं विधाई कार्य मंत्री अरुण साव आज छत्तीसगढ़ राज्य उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग द्वारा आयोजित उपभोक्ता जागरूकता सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने राजधानी रायपुर के नवीन विश्राम भवन में आयोजित सम्मेलन में आयोग के द्विवार्षिक प्रतिवेदन के मुद्रित एवं ई-संस्करण का विमोचन भी किया। छत्तीसगढ़ राज्य उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति गौतम चौरड़िया ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की अपर मुख्य सचिव श्रीमती ऋचा शर्मा और सचिव अन्बलगन पी. विशिष्ट अतिथि के रूप में सम्मेलन में शामिल हुए।

    उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने उपभोक्ता जागरूकता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि उपभोक्ताओं को न्याय दिलाने, धोखाधड़ी व ठगी से बचाने तथा जागरूक करने में राज्य एवं जिला स्तरीय उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग सराहनीय कार्य कर रहा है। उपभोक्ताओं को ई-जागृति पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन सुविधाएं भी मिल रही हैं। उनकी सहूलियत के लिए आयोग ऑनलाइन सुनवाई प्रारंभ करने की भी तैयारी कर रही है। उन्होंने सम्मेलन में मौजूद विधि के छात्र-छात्राओं से अपील की कि वे उपभोक्ताओं को जागरूक करने और उन्हें उनके अधिकारों से अवगत कराने का काम करें। साव ने आयोग के कार्यों को मजबूती प्रदान करने और विस्तारित करने राज्य शासन से हर तरह का सहयोग प्रदान करने की बात कही। उन्होंने उपभोक्ता अधिकारों के प्रति नागरिकों को जागरूक करने व्यापक प्रचार-प्रसार कार्यक्रम संचालित करने की घोषणा की।

    छत्तीसगढ़ राज्य उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति गौतम चौरड़िया ने अपने संबोधन में कहा कि राज्य शासन की ओर से आयोग को भरपूर सहयोग मिल रहा है। हमारे सभी प्रस्तावों को सरकार ने स्वीकृत किया है। वर्तमान में राज्य उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग में ई-सुनवाई की व्यवस्था है। आगामी तीन महीनों में हम इस व्यवस्था को प्रदेश के सभी 17 जिला स्तरीय आयोगों में लागू करने जा रहे हैं। उपभोक्ताओं को शीघ्र न्याय मिले, इसके लिए राज्य उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के साथ ही सभी जिला स्तरीय आयोग सक्रियता से काम कर रहे हैं।

    न्यायमूर्ति चौरड़िया ने कहा कि पिछले दो वर्षों में लोगों को न्याय दिलाने आयोग ने मामलों की तेजी से सुनवाई की है। दो वर्ष पहले पूरे प्रदेश में दस हजार 600 मामले लंबित थे, जो अब घटकर 6500 रह गए हैं। अगले छह महीनों में सभी लंबित प्रकरणों के निराकरण का लक्ष्य है। उन्होंने बताया कि आयोग आदिवासी और ग्रामीण क्षेत्रों में भी उपभोक्ता हितों के संरक्षण के लिए केस फाइलिंग, सुनवाई और दस्तावेजीकरण के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार शुरू करने जा रहा है। उन्होंने रायपुर में ज्यादा प्रकरणों को देखते हुए आयोग की एक अतिरिक्त बेंच प्रारंभ करने की भी जानकारी दी।

    उपभोक्ता जागरूकता सम्मेलन को संबोधित करते हुए खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की अपर मुख्य सचिव श्रीमती ऋचा शर्मा ने कहा कि राज्य व जिला स्तरीय उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के संचालन के लिए समुचित व्यवस्थाएं प्रदान करना राज्य शासन का दायित्व है। आयोग द्वारा संचार और सूचना प्रौद्योगिकी के माध्यम से उपभोक्ताओं के लिए ई-फाइलिंग और ई-सुनवाई की सुविधा विकसित की जा रही है। उपभोक्ताओं के हितों के संरक्षण के लिए राज्य शासन और आयोग मिलकर काम करते रहेंगे।

    खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के सचिव अन्बलगन पी. ने अपने संबोधन में कहा कि विगत 25-30 वर्षों में बाजार में हर सामग्री की वेराइटी काफी बढ़ी है। उत्पादों और उत्पादकों की लगातार बढ़ती संख्या के बीच उपभोक्ता हितों के संरक्षण की जरूरत भी बढ़ रही है। उपभोक्ताओं को जागरूक व शिक्षित करने तथा न्याय दिलाने उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग प्रतिबद्धता से काम कर रहे हैं। राज्य शासन और उपभोक्ता संरक्षण विभाग की पूरी कोशिश है कि सभी नागरिकों तक इसका लाभ पहुंचे। राज्य उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के सदस्य प्रमोद कुमार वर्मा, संयुक्त रजिस्ट्रार श्रीमती मोना चौहान, लेखाधिकारी सुमधुलिका यादव, रायपुर जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के अध्यक्ष डाकेश्वर प्रसाद शर्मा और रायपुर जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष हितेन्द्र तिवारी सहित विभिन्न जिलों के उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के अध्यक्ष एवं सदस्यगण, न्यायिक अधिकारी, अधिवक्ता तथा विधि के विद्यार्थी बड़ी संख्या में सम्मेलन में शामिल हुए।

  • सक्ती में गर्लफ्रेंड से मिलने गए युवक को नग्न कर पीटा, 6 आरोपी पुलिस हिरासत में

    सक्ती में गर्लफ्रेंड से मिलने गए युवक को नग्न कर पीटा, 6 आरोपी पुलिस हिरासत में

    सक्ती

    छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में एक मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है, जहां एक युवक को नग्न कर बीच चौराहे पर बर्बरता पूर्वक पीटा गया. इस मामले को प्रेम प्रसंग से जोड़कर देखा जा रहा है. वहीं पीड़ित युवक दलित होने के कारण पीटने की बात कह रहा है. फिलहाल पूरे मामले में पुलिस अपराध दर्ज कर जांच में जुट गई है. अभी तक 6 लोगों को हिरासत में लेकर पुलिस पूछताछ कर रही है. पूरा मामला मालखरौदा थाना क्षेत्र का है.

    इस पूरे मामले में पुलिस जल्द ही खुलासा करने की बात भी कर रही है. खुलासे के बाद पूरा मामला स्पष्ट होगा कि आखिर इतने बर्बरता के साथ क्यों पिटाई की गई है. फिलहाल अभी तक जो जानकारी सामने आई है उसके अनुसार ग्राम बड़े रबेली में 8 अप्रैल की रात युवक गर्लफ्रेंड से मिलने पहुंचा था, जिसे घर के लोगों ने देख लिया और मारपीट की. इसका वीडियो भी सामने आया है. बहरहाल इस मामले में मालखरौदा पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच में जुट गई है.

  • महिला नगर सैनिक की हत्या से इलाके में सनसनी

    महिला नगर सैनिक की हत्या से इलाके में सनसनी

    गरियाबंद

    जिले में महिला नगर सैनिक की हत्या से इलाके में सनसनी फैल गई है. कस्तूरबा हॉस्टल गरियाबंद में पदस्थ 32 वर्षीय महिला नगर सैनिक ओमिका ध्रुव की उनके ही पति सोहन साहू ने गला दबाकर हत्या की है. वारदात के बाद आरोपी पति पाण्डुका थाना पहुंचकर खुद मामले की सूचना पुलिस को दी. बताया जा रहा कि चरित्र शंका पर पति ने वारदात को अंजाम दिया है.

    घटना की सूचना के बाद थाना प्रभारी जयप्रकाश नेताम फॉरेंसिंक टीम के साथ मौके पर पहुंचकर साक्ष्य जुटा रहे हैं. गले में नाखून के निशान है. थाना प्रभारी नेताम ने बताया कि आरोपी पति को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है.

    चरित्र शंका पर आए दिन होते रहता था विवाद
    आरोपी पति और मृतका दोनों मुरमुरा गांव के हैं. 10 साल पहले दोनों ने प्रेम विवाह किया था. दोनों के दो बच्चे भी हैं. पिछले एक सप्ताह से ओमिका अपने मां के घर रह रही थी. हास्टल ड्यूटी के बाद छुट्टी पर घर आई थी. आज ड्यूटी ज्वाइन करने पति के साथ बाइक से वापस जा रही थी. दोनों गांव से 10 किमी आगे पहुंचे थे, इसी बीच दोनों का विवाद हुआ. इस दौरान पति ने पत्नी का गला दबाकर हत्या कर दी. बताया जा रहा कि चरित्र शंका को लेकर आए दिन दोनों में विवाद होते रहता था.

  • रायपुर : श्रमिक कल्याण और ऊर्जा के क्षेत्र में विकास को लेकर राज्य सरकार प्रतिबद्ध : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

    रायपुर : श्रमिक कल्याण और ऊर्जा के क्षेत्र में विकास को लेकर राज्य सरकार प्रतिबद्ध : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

    रायपुर

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज राजधानी रायपुर के गुढ़ियारी में आयोजित अखिल भारतीय विद्युत मजदूर महासंघ के 18वें त्रैवार्षिक अधिवेशन में शामिल हुए।मुख्यमंत्री साय ने अधिवेशन में 21 राज्यों से आए श्रमवीरों का प्रभु श्रीराम के ननिहाल में स्वागत किया और उन्हें हनुमान जयंती की शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि देशभर से आए श्रमवीरों ने यहाँ आकर एकता और सामंजस्य का बड़ा संदेश देने का कार्य किया है। साय ने कहा कि प्रभु श्रीराम ने 14 वर्षों के वनवास में से 10 वर्ष यहाँ बिताए, जो प्रदेश के लिए गर्व का विषय है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि जब देश में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहली सरकार का गठन हुआ था, तब उन्होंने श्रम राज्य मंत्री के रूप में श्रमिकों के हितों की रक्षा के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिए थे। उन्होंने कहा कि श्रमिकों के लिए न्यूनतम पेंशन निर्धारित की गई और पीएफ की अनक्लेम राशि का उपयोग श्रमिकों के हित में किया गया।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान समय में बिजली की महत्ता को सभी भली-भाँति समझते हैं। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में बिजली सरप्लस है, लेकिन आने वाले समय में बिजली की बढ़ती मांग को देखते हुए विद्युत उत्पादन क्षमता बढ़ाने की दिशा में तेजी से कार्य किया जा रहा है। हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रदेश में 1350 और 850 मेगावाट की दो विद्युत परियोजनाओं की सौगात दी थी।

    साय ने आगे बताया कि ऊर्जा के क्षेत्र में 3 लाख 50 हज़ार करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। उन्होंने कहा कि पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के माध्यम से प्रदेश में हर घर तक बिजली पहुँचाने का कार्य किया जा रहा है। इस पहल से हम हाफ बिजली से मुफ्त बिजली देने की ओर बढ़ रहे हैं और योजना के लिए राज्य सरकार ने सब्सिडी देने का बजट में प्रावधान भी किया है।

    मुख्यमंत्री ने इस मौके पर श्रमिकों के कल्याण के लिए आजीवन समर्पित रहे दत्तोपंत ठेंगड़ी का पुण्य स्मरण करते हुए उनके योगदानों को नमन किया।

    इस अवसर पर अखिल भारतीय विद्युत मजदूर महासंघ के मंत्री और प्रभारी राधेश्याम जायसवाल, मधुसूदन जोशी, श्रीमती शोभा सिंहदेव सहित देशभर के 21 राज्यों से आए विद्युत श्रमिक उपस्थित थे।

  • अम्बिकापुर : आकांक्षी विकासखंड लखनपुर में परीक्षा पर्व 7.0 का सफल आयोजन, शिक्षक एवं अभिभावक रहे उपस्थित

    अम्बिकापुर : आकांक्षी विकासखंड लखनपुर में परीक्षा पर्व 7.0 का सफल आयोजन, शिक्षक एवं अभिभावक रहे उपस्थित

    अम्बिकापुर

    राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग के तत्वावधान में परीक्षा पर्व 7.0 का आयोजन जिले के आकांक्षी विकासखंड लखनपुर के पीएम श्री विद्यालय सेजस में सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में परीक्षा के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करना एवं तनावमुक्त वातावरण प्रदान करना था।

     कार्यक्रम का आयोजन कलेक्टर श्री विलास भोसकर एवं जिला पंचायत सीईओ श्री विनय अग्रवाल के निर्देशन में तथा जिला शिक्षा अधिकारी श्री अशोक कुमार सिन्हा के मार्गदर्शन में किया गया। इस अवसर पर नई दिल्ली पीएमओ कार्यालय द्वारा तैयार प्रस्तुति का विद्यालय के प्राचार्य श्री ऋषि पांडे द्वारा प्रभावी रूप से प्रस्तुतिकरण किया गया।

     प्रस्तुति में मुख्य रूप से यह संदेश दिया गया कि परीक्षाओं को पर्व के रूप में मनाया जाए एवं विद्यार्थियों के बीच सामाजिक प्रतिस्पर्धा के बजाय आत्म-प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा दिया जाए। इस अवसर पर विकासखंड के लगभग 200 शिक्षक एवं अभिभावक उपस्थित रहे।
     कार्यक्रम में नगर पंचायत अध्यक्ष श्रीमती सावित्री दिनेश साहू, उपाध्यक्ष नेहा सनी बंसल, SMDC   सदस्य रवि अग्रवाल, जनपद पंचायत सीईओ श्री वेद प्रकाश पांडे, शिक्षा विभाग से श्री रविशंकर पांडे,  ABEO  मनोज तिवारी,  BRC  दीपेश पांडे सहित अन्य अधिकारी एवं शिक्षकगण उपस्थित रहे।

     कार्यक्रम का संचालन श्री रवि शंकर पांडे द्वारा किया गया। एबीपी फेलो शुभिता शुक्ला की उपस्थिति भी विशेष रही।
     कार्यक्रम ने विद्यार्थियों, अभिभावकों एवं शिक्षकों को परीक्षा के तनाव से मुक्त कर उसे उत्सव के रूप में अपनाने की दिशा में प्रेरित किया।

  • इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय के कुलपति की नियुक्ति रद्द करने की मांग, ABVP ने राज्यपाल को लिखा पत्र

    इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय के कुलपति की नियुक्ति रद्द करने की मांग, ABVP ने राज्यपाल को लिखा पत्र

    रायपुर

    अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने राज्यपाल एवं कुलाधिपति को पत्र लिखकर इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय की नवनियुक्त कुलपति की नियुक्ति को तत्काल प्रभाव से रद्द करने की मांग की है. बता दें कि छत्तीसगढ़ के एकमात्र इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय खैरागढ़ में प्रो. लवली शर्मा को कुलपति नियुक्त किया गया है.

    अभाविप ने पत्र में लिखा है कि पूर्व में प्रो. लवली शर्मा राजा मानसिंह तोमर संगीत और कला विश्वविद्यालय ग्वालियर मध्यप्रदेश के कुलपति के रूप में काम कर चुकी है. इस दौरान उनके ऊपर कई गंभीर भ्रष्टाचार के आरोप लग चुके हैं. साथ ही इनके कार्यकाल में छात्राओं के यौन शोषण जैसे मामले प्रकाश में आए थे. जिस व्यक्ति के ऊपर कुलपति रहते हुए भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप और छात्राओं के यौन शोषण की घटनाएं उजागर हुए हैं. साथ ही इन्हीं मामलों को संज्ञान में लेकर मध्यप्रदेश शासन ने धारा 57 लगाकर कुलपति के कार्यकाल को समाप्त कर दिया था, परंतु छत्तीसगढ़ शासन ने उपरोक्त मामलों में दोषी पाए गए व्यक्ति को पुनः कुलपति के रूप में नियुक्ति किया है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है.

    अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद का यह भी मानना है कि डॉ. लवली शर्मा ने कुलपति पद पर आवेदन करते समय इन तथ्यों को जानबूजकर छुपाया है. अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने मांग की है कि संगीत विश्वविद्यालय के सुचारू संचालन के लिए तत्काल प्रभाव से कुलपति की इस नियुक्ति को रद्द किया जाए.

  • मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने युवाओं के साथ किया आत्मीय संवाद

    मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने युवाओं के साथ किया आत्मीय संवाद

    मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज नवा रायपुर में आयोजित विचार फॉर विकसित छत्तीसगढ़ कार्यक्रम में हुए शामिल
    छत्तीसगढ़ के विकास में युवाओं की भागीदारी को लेकर हुई चर्चा

    रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज नवा रायपुर में विचार फॉर विकसित छत्तीसगढ़ कार्यक्रम में शामिल हुए। इस मौके पर उन्होंने युवाओं के साथ आत्मीय संवाद कर छत्तीसगढ़ के उज्ज्वल भविष्य और विकास में उनकी सक्रिय भागीदारी पर जोर दिया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने युवाओं से सीधा संवाद करते हुए उनकी समस्याओं और सुझावों को सुना।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के अधिकाधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए संकल्पबद्ध है। उन्होंने बताया कि स्किल डेवलपमेंट, स्टार्टअप प्रमोशन और उद्योगों से जुड़ाव जैसी योजनाओं के माध्यम से युवाओं को सशक्त किया जा रहा है। उन्होंने युवाओं से आग्रह किया कि वे सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ें और राज्य के समग्र विकास में अपनी अहम भूमिका निभाएं।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि नक्सलवाद छत्तीसगढ़ में अब अंतिम साँसें गिन रहा है और मार्च 2026 तक नक्सल का समूल नाश होगा। छत्तीसगढ़ की यह सुंदर धरती विकास की नई ऊँचाइयों को छुएगी और शांत, सुरक्षित, खुशहाल और समृद्ध प्रदेश के रूप में इसे नई पहचान मिलेगी। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज नवा रायपुर में एएनआई द्वारा आयोजित विचार फॉर विकसित छत्तीसगढ़ कार्यक्रम में शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने एएनआई की संपादक श्रीमती स्मिता प्रकाश के साथ पॉडकास्ट में अपने पारिवारिक, राजनीतिक जीवन और मुख्यमंत्री के रूप में अब तक के सफर और उपलब्धियों पर खुलकर बातचीत की।

    मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि हमने प्रदेशवासियों के हित में मोदी की गारंटी की बात कही थी और हमारी सरकार ने बड़े निर्णय लेते हुए इसे पूरा करने की दिशा में तेजी से कदम बढ़ाए हैं। उन्होंने बताया कि अधिकांश मोदी की गारंटी पूरी कर दी गई हैं। हमारी सरकार ने पहले ही कैबिनेट में 18 लाख गरीब परिवारों को आवास मुहैया कराने का बड़ा फैसला लिया था। प्रदेश की माताओं-बहनों के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए महतारी वंदन योजना के माध्यम से प्रतिमाह ₹1000 की राशि प्रदान की जा रही है। पीएससी की परीक्षाओं में युवाओं के साथ हुए अन्याय के खिलाफ सीबीआई जांच जैसे बड़े निर्णय हमारी सरकार ने लिए हैं।

    मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ के आर्थिक विकास को गति देने के लिए निवेश अनुकूल नई औद्योगिक नीति लागू की गई है। इस नीति की सफलता का प्रमाण इस बात से मिलता है कि इसके लागू होने के बाद से सरकार को करोड़ों रुपए के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो चुके हैं। हमारा उद्देश्य निवेश के साथ-साथ स्थानीय युवाओं को रोजगार देना भी है। श्री साय ने कहा कि हमने विकसित छत्तीसगढ़ का विजन डॉक्युमेंट तैयार किया है और विकसित भारत के लक्ष्य को पाने में हर प्रदेशवासी की अहम भूमिका होगी।

    कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव श्री राहुल भगत, मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार श्री पंकज झा सहित बड़ी संख्या में युवा उपस्थित थे।

  • औद्योगिक विकास नीति 2024-30 : रैम्प योजना व ईज ऑफ डूइंग बिजनेस पर संभागस्तरीय कार्यशाला का आयोजन

    औद्योगिक विकास नीति 2024-30 : रैम्प योजना व ईज ऑफ डूइंग बिजनेस पर संभागस्तरीय कार्यशाला का आयोजन

    अम्बिकापुर

    जिले के जिला पंचायत सभाकक्ष में संभाग स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य राज्य की नवीन औद्योगिक विकास नीति 2024-30, रैम्प योजना तथा ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को लेकर जागरूकता और उद्योगपतियों से सीधा संवाद करना रहा।

    उद्योग नीति पर विशेषज्ञों की विस्तृत प्रस्तुति
    रायपुर से आए उपसंचालक, उद्योग श्री ऋतुराज ताम्रकार ने औद्योगिक विकास नीति 2024-30 पर विस्तार से जानकारी दी और उपस्थित प्रतिभागियों की शंकाओं का समाधान किया। वहीं,  म्तदेज – ल्वनदह (म् – ल्)     की टीम द्वारा रैम्प योजना के विभिन्न प्रावधानों एवं एमएसएमई उद्योगों को मिलने वाले लाभों की जानकारी दी गई।

    अधिक निवेश के लिए उद्योगपतियों को किया गया प्रेरित
    कार्यक्रम में उपस्थित अपर कलेक्टर श्री सुनील नायक ने राज्य सरकार की मंशा और उद्योगों के लिए लाए गए नवीन प्रावधानों पर प्रकाश डालते हुए उद्योगपतियों से अधिक से अधिक निवेश करने की अपील की। उन्होंने यह भी कहा कि एक सकारात्मक उद्योग इकोसिस्टम बनाने में सभी की भागीदारी आवश्यक है और ठत्।च् (ठनेपदमेे त्मवितउ ।बजपवद च्संद) के तहत सकारात्मक फीडबैक देने का भी आह्वान किया। इस संभागस्तरीय कार्यशाला से उद्योग जगत को राज्य की नीतियों की स्पष्ट जानकारी मिली है और इससे क्षेत्र में औद्योगिक विकास को नई गति मिलेगी ।इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री सुनील नायक, जिला पंचायत सीईओ श्री विनय कुमार अग्रवाल, सरगुजा लघु उद्योग संघ के अध्यक्ष श्री अरविन्द सिंघानियां, फेसिलिटेशन काउंसिल के सदस्य श्री कौन्तेय जायसवाल, एवं सरगुजा संभाग के सभी जिले सूरजपुर, जशपुर, बलरामपुर, कोरिया एवं मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर के जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्रों के महाप्रबंधकगण और सरगुजा संभाग में कार्यरत उद्योग जगत के प्रतिनिधियों के साथ-साथ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स (सीए) भी प्रतिभागी उपस्थित रहे।