Category: छत्तीसगढ़

  • CG News: “धरोहर” में सजी जनजातीय विरासत – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने किया प्रथम संस्करण का विमोचन…

    CG News: “धरोहर” में सजी जनजातीय विरासत – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने किया प्रथम संस्करण का विमोचन…

    रायपुर : मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय बगिया में जशपुर जिले की समृद्ध जनजातीय विरासत को समर्पित “धरोहर” पत्रिका के प्रथम संस्करण का विमोचन किया। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह पत्रिका न केवल जनजातीय अस्मिता को सहेजने का कार्य कर रही है, बल्कि हमारी सांस्कृतिक विविधता को भी उजागर कर रही है।

    यह एक प्रेरणादायक प्रयास है, जो आने वाली पीढ़ियों को अपनी जड़ों से जोड़े रखेगा। जिला प्रशासन द्वारा प्रकाशित “धरोहर” पत्रिका का उद्देश्य जिले की विविध जनजातियों की पारंपरिक पहचान, संस्कृति, रीति-रिवाज, तीज-त्योहार, परंपरागत वेशभूषा, आभूषणों और पीढ़ियों से चली आ रही सामाजिक विरासत को संजोना और भावी पीढ़ियों तक पहुंचाना है। इस विशेष अवसर पर विभिन्न जनजातीय समाज के प्रमुख एवं अधिकारीगण उपस्थित थे।

  • CG News- मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सिकलसेल और थैलेसीमिया जागरूकता एवं एचएलए मैचिंग शिविर का किया शुभारंभ, पीड़ित बच्चों की हुई निःशुल्क जांच…

    CG News- मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सिकलसेल और थैलेसीमिया जागरूकता एवं एचएलए मैचिंग शिविर का किया शुभारंभ, पीड़ित बच्चों की हुई निःशुल्क जांच…

    रायपुर : मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज जिला अस्पताल, जशपुर में सिकलसेल, थैलेसीमिया परामर्श जागरूकता एवं एचएलए मैचिंग शिविर का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने सिकलसेल और थैलेसीमिया से पीड़ित बच्चों और उनके परिजनों से मुलाकात कर उनके उपचार संबंधी जानकारी प्राप्त की। इस विशेष शिविर में न केवल जशपुर जिले, बल्कि पड़ोसी जिले बलरामपुर, सरगुजा, सूरजपुर एवं झारखंड के गुमला जिले से भी सिकलसेल और थैलेसीमिया से पीड़ित बच्चे एवं उनके परिजन शामिल हुए।

    बेंगलुरु से पहुंचे विशेषज्ञ चिकित्सक, निःशुल्क हुआ एचएलए डीएनए टेस्ट

    शिविर में बेंगलुरु के नारायणा हॉस्पिटल से आए बोन मैरो ट्रांसप्लांट विशेषज्ञ डॉ. सुनील भट्ट द्वारा 12 वर्ष तक के बच्चों  का एचएलए डीएनए टेस्ट और परामर्श निःशुल्क किया गया। यह परीक्षण बोन मैरो ट्रांसप्लांट के लिए उपयुक्त डोनर की पहचान हेतु आवश्यक होता है।

    मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने सिकलसेल और थैलेसीमिया जागरूकता एवं एचएलए मैचिंग शिविर का  किया शुभारंभ

    संपूर्ण इलाज सहित विदेश में होने वाला महंगा टेस्ट भी अब निःशुल्क

    शिविर में कास फाउंडेशन की श्रीमती काजल सुरेश सचदेव ने बच्चों एवं परिजनों को सिकलसेल और थैलेसीमिया के प्रति जागरूक किया। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ शासन द्वारा इन बीमारियों से पीड़ित बच्चों के लिए न केवल आवश्यक दवाइयों एवं जांच की सुविधाएं निःशुल्क दी जा रही हैं, बल्कि जर्मनी में होने वाला अत्यंत महंगा एचएलए डीएनए टेस्ट और देश के प्रमुख अस्पतालों में बोन मैरो ट्रांसप्लांट जैसी जटिल प्रक्रिया भी पूर्णतः निःशुल्क कराई जा रही है।

    राष्ट्रीय सिकलसेल एवं एनीमिया उन्मूलन मिशन के तहत जशपुर जिले में 0-15 आयु वर्ग के 209 सिकलसेल एवं थैलेसीमिया मरीजों की पहचान की गई है। इनमें से 110 बच्चों का एचएलए डीएनए टेस्ट कर ट्रांसप्लांट के लिए चयनित किया गया, जिनमें से अब तक 8 बच्चों का सफलतापूर्वक निःशुल्क बोन मैरो ट्रांसप्लांट हो चुका है।

    उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय सिकलसेल एवं एनीमिया उन्मूलन मिशन के अंतर्गत जिला प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग, यूनिसेफ, संगवारी संस्था एवं कास फाउंडेशन के संयुक्त प्रयासों से जिले में सिकलसेल के उन्मूलन की दिशा में प्रभावी कार्य किया जा रहा है।

    इस अवसर पर छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के अध्यक्ष श्री रामप्रताप सिंह,  नगर पालिका उपाध्यक्ष श्री यशप्रताप सिंह जूदेव, श्री भरत सिंह, संभागीय कमिश्नर श्री नरेंद्र दुग्गा, आईजी श्री अंकित गर्ग, कलेक्टर श्री रोहित व्यास, एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।

  • CG News- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जशपुर को दी बड़ी सौगात: स्वर्गीय जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय का भूमिपूजन किया…

    CG News- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जशपुर को दी बड़ी सौगात: स्वर्गीय जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय का भूमिपूजन किया…

    रायपुर : मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज स्वर्गीय जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय का भूमिपूजन किया। मुख्यमंत्री ने मंच पर भगवान श्री राम, भारत माता, बिरसा मुंडा, स्वर्गीय जगदेव राम उरांव और स्वर्गीय बाला साहब देशपांडे के छायाचित्र पर पुष्पगुच्छ अर्पित कर उन्हें नमन किया। इसके साथ ही मुख्यमंत्री श्री साय ने ‘सेवांकुर भारत: एक सप्ताह देश के नाम’ कार्यक्रम का शुभारंभ किया।

    उन्होंने इस कार्यक्रम के तहत आदिवासी क्षेत्रों में किए जा रहे सेवाभाव की सराहना की। इस अवसर पर एनटीपीसी लारा के महाप्रबंधक श्री रविशंकर ने कलेक्टर श्री रोहित व्यास को जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय के निर्माण के लिए 35 करोड़ 53 लाख रुपये का चेक प्रदान किया।

    मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने स्वर्गीय जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय का भूमिपूजन किया

    मुख्यमंत्री श्री साय ने जनजातीय लोगों के सेवाकार्य और इन क्षेत्रों के विकास में स्वर्गीय जगदेव राम उरांव, स्वर्गीय बाला साहब देशपांडे, स्वर्गीय कुमार दिलीप सिंह जूदेव के योगदान को याद किया। उन्होंने कहा कि जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय का निर्माण मानव समाज के स्वास्थ्य और कल्याण के प्रति हमारी गहरी प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

    एनटीपीसी लारा के सीएसआर फंड से इस अस्पताल के निर्माण के लिए 35 करोड़ 53 लाख रुपये आबंटित किया गया है। इस अस्पताल के बन जाने से जशपुर और इसके आसपास के ग्रामीण अंचल के रहवासियों को लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि इस बार के बजट में जशपुर जिले में मेडिकल कॉलेज की स्थापना, शासकीय फिजियोथेरेपी कॉलेज, शासकीय नर्सिंग कॉलेज और प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र की स्थापना के लिए राशि का प्रावधान किया गया है।

    उन्होंने कहा कि हमारी सरकार बनने के बाद से अब तक के कार्यकाल में ही मोदी की अधिकांश गारंटियों को पूरा कर लिया गया है। कैबिनेट की पहली ही बैठक में 18 लाख प्रधानमंत्री आवास योजना की स्वीकृति प्रदान की गई। महतारी वंदन योजना के माध्यम से प्रति माह 01 हजार रुपये देकर महिलाओं को सशक्त बनाया जा रहा है।

    मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने स्वर्गीय जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय का भूमिपूजन किया

    तेंदूपत्ता का प्रति मानक बोरा 5500 रुपये मूल्य निर्धारित किया गया है। पीएम जनमन योजना से विशेष पिछड़ी जनजाति के लोगों का विकास किया जा रहा है। धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष योजना के माध्यम से आदिवासी इलाकों का विकास कार्य और नियद नेल्ला नार योजना के माध्यम से बस्तर के नक्सल प्रभावित ग्रामों में विकास किया जा रहा है।

    अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त होगा स्वर्गीय जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय

    उल्लेखनीय है कि स्वर्गीय जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त होगा। 100 बिस्तरों वाले इस अस्पताल में 15 ओपीडी, 4 आईसीयू, 4 ऑपरेशन थिएटर, फिजियोथेरेपी, पैथोलॉजी लैब, सीटी स्कैन, डायलिसिस, एक्स-रे, आपातकालीन वार्ड, एमआरआई, ईसीजी सहित अन्य सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी।

    आदिवासी क्षेत्रों में जाकर कार्य कर रहा है ‘सेवांकुर भारत: एक सप्ताह देश के नाम’

    सेवांकुर भारत की तरफ से 5 से 13 अप्रैल तक ‘एक सप्ताह देश के नाम’ मनाया जा रहा है। सेवांकुर भारत एक सेवाभावी संस्था है, जिसमें डॉक्टरों सहित मेडिकल फील्ड से जुड़े अन्य लोग काम कर रहे हैं। यह संस्था आदिवासी इलाकों में जाकर मेडिकल कैंप लगाकर उनका इलाज करती है और अन्य चिकित्सकीय सुविधाएं भी उपलब्ध कराती है।

    इस संस्था में 18 ग्रुप हैं, प्रत्येक ग्रुप में 15 से 16 लोग जुड़े हैं। सेवांकुर भारत 2016 से हर वर्ष ‘एक सप्ताह देश के नाम’ से आदिवासी इलाकों में जाकर सेवा का कार्य कर रही है। यह संस्था नए चिकित्सकों को सेवा कार्य के लिए प्रेरित भी करती है। इसके अलावा यह संस्था आदिवासियों के घरों में जाकर उनकी संस्कृति और जीवनशैली का अध्ययन करती है, ताकि उनके इलाज की जरूरतों को बेहतर समझा जा सके।

    मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने स्वर्गीय जगदेव राम उरांव कल्याण आश्रम चिकित्सालय का भूमिपूजन किया

    इस अवसर पर सरगुजा क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष श्रीमती गोमती साय, विधायक रायमुनि भगत, अखिल भारतीय वनवासी कल्याण आश्रम के अध्यक्ष श्री सत्येन्द्र कुमार सिंह, महामंत्री श्री योगेश बापट,  संनिर्माण कर्मकार मंडल के अध्यक्ष श्री रामप्रताप सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री सालिक साय, उपाध्यक्ष श्री शौर्य प्रताप सिंह जूदेव, नगर पालिका अध्यक्ष श्री अरविंद भगत, उपाध्यक्ष श्री यश प्रताप सिंह जूदेव, अखिल भारतीय वनवासी कल्याण आश्रम के प्रांतीय अध्यक्ष श्री रणविजय सिंह जूदेव, कमिश्नर श्री नरेन्द्र दुग्गा, आईजी श्री अंकित गर्ग, जनसंपर्क आयुक्त डॉ. रवि मित्तल, पुलिस अधीक्षक श्री शशिमोहन सिंह, कृष्ण कुमार राय सहित वनवासी कल्याण आश्रम के पदाधिकारी सहित अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।

  • निःशुल्क रोग परामर्श शिविर का किया आयोजन: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कैंसर डिटेक्शन वैन को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना…

    निःशुल्क रोग परामर्श शिविर का किया आयोजन: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कैंसर डिटेक्शन वैन को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना…

    रायपुर : मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार जशपुर जिला प्रशासन और बालको मेडिकल सेंटर, रायपुर के संयुक्त तत्वाधान में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा 07 एवं 08 अप्रैल 2025 को  सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कुनकुरी में निःशुल्क रक्त एवं कैंसर रोग परामर्श शिविर का आयोजन किया जा रहा है।

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज सीएम कैंप कार्यालय बगिया से मोबाइल कैंसर डिटेक्शन वैन को झंडी दिखाकर रवाना किया गया। कैंसर डिटेक्शन वैन के माध्यम से जशपुर जिले में  कैंसर सम्भावित मरीजों का जाँच एवं उपचार  7 एवं 8 अप्रैल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कुनकुरी में नि:शुल्क उपलब्ध रहेगा।

    इस स्वास्थ्य शिविर का उद्देश्य कैंसर जैसी गंभीर बीमारी को शुरुआती स्तर पर ही पकड़ना है जिसे इसका प्रभावी एवं सुगम इलाज हो सके । शिविर में स्तन कैंसर, बच्चेदानी का कैंसर, मुंह का कैंसर, रक्त संबंधी कैंसर व रक्त विकारो की नि:शुल्क जांच की जाएगी।

  • जन समस्याओं के त्वरित समाधान हेतु सुशासन तिहार-2025 का आयोजन 08 अप्रैल से

    जन समस्याओं के त्वरित समाधान हेतु सुशासन तिहार-2025 का आयोजन 08 अप्रैल से

    कोंडागांव,

    मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार कोंडागांव जिले में भी सुशासन तिहार  08 अप्रैल से शुरू होने जा रहा है। यह आयोजन जनसमस्याओं के त्वरित समाधान, जनकल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा और जन संवाद को सशक्त बनाने के उद्देश्य से तीन चरणों में आयोजित किया जाएगा। इसके अंतर्गत  प्रथम चरण में 08 से 11 अप्रैल तक  जिले के जिला कार्यालय, विकासखंड कार्यालय, नगरीय निकायों और सभी 384 ग्राम पंचायतों में समाधान पेटी रखी जाएगी, जिसमें सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक आवेदन प्राप्त किए जाएंगे। इन स्थलों पर समाधान पेटी में आम नागरिक अपनी समस्याएं और शिकायतें लिखकर डाल सकेंगे।

     उल्लेखनीय है कि “सुशासन तिहार-2025” के आयोजन के उद्देश्य आम जनता की समस्याओं का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित करना, शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा करना तथा विकास कार्यों में गति लाने के साथ ही आम जनता, जनप्रतिनिधियों और विभिन्न सामाजिक संगठनों से सीधा संवाद स्थापित करना है।

    सुशासन तिहार-2025 का आयोजन तीन चरणों में
    सुशासन तिहार-2025 का आयोजन तीन चरणों में होगा। पहले चरण में 08 अप्रैल से 11 अप्रैल 2025 तक आम जनता से आवेदन प्राप्त किए जाएंगे। दूसरे चरण में लगभग एक माह के भीतर प्राप्त आवेदनों का निराकरण किया जाएगा। तीसरे एवं अंतिम चरण में 05 मई से 31 मई 2025 के बीच समाधान शिविरों का आयोजन किया जाएगा।

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देशानुसार आम जनता से उनकी समस्याओं के संबंध में 08 अप्रैल से 11 अप्रैल 2025 तक ग्राम पंचायत मुख्यालयों और नगरीय निकाय कार्यालयों में सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक आवेदन प्राप्त किए जाएंगे। इन स्थलों पर समाधान पेटी रखी जाएगी, ताकि लोग अपनी समस्याएं और शिकायतें निःसंकोच लिखकर उसमें डाल सकें।

    आवेदन प्राप्त करने के लिए समाधान पेटी की व्यवस्था जिला और विकासखण्ड मुख्यालय स्तर पर भी की जाएगी। आवश्यकतानुसार हाट बाजारों में भी आवेदन संग्रह किये जा जाएंगे। ऑनलाइन आवेदन प्राप्त करने की भी पोर्टल में व्यवस्था रहेगी। प्रत्येक आवेदन को एक कोड देने की जानकारी पोर्टल पर उपलब्ध रहेगी। निर्धारित प्रारूप में खाली आवेदन पत्र (ग्रामवार/नगरीय निकायवार कोड सहित) प्रिन्ट कराकर ग्रामीणों को उपलब्ध कराये जाएंगे। प्रत्येक आवेदन को पोर्टल में पंजीकृत कर ऑनलाइन अपलोड किया जाएगा, साथ ही आवेदनकर्ता को पावती दी जाएगी।

    आवेदनों का निराकरण
    सभी प्राप्त आवेदनों को स्कैन कर सॉफ्टवेयर में अपलोड किया जाएगा और संबंधित जिला जनपद नगरीय निकाय के अधिकारियों को ऑनलाइन व भौतिक रूप से भेजा जाएगा। संबंधित विभाग अधिकारी लगभग एक माह में इन आवेदनों का निराकरण सुनिश्चित करेंगे। इन आवेदनों के निराकरण की गुणवत्ता का विश्लेषण जिला और राज्य स्तर पर किया जाए।

    समाधान शिविर का आयोजन
     05 मई से 31 मई 2025 के दौरान प्रत्येक 08 से 15 पंचायतों के मध्य समाधान शिविर आयोजित किए जाएंगे, जिनमें आवेदकों को उनके आवेदनों की स्थिति की जानकारी दी जाएगी। नगरीय निकायों में भी आवश्यकतानुसार समाधान शिविर आयोजित होंगे। शिविरों के आयोजन की तिथि की जानकारी आवेदकों को एस.एम.एस. के माध्यम से तथा आवेदन की पावती के माध्यम से दी जाएगी। इन शिविरों में प्राप्त आवेदनों की प्रविष्टि भी पोर्टल में की जाए तथा जिन आवेदनों का निराकरण शिविर में सम्भव हो, शिविर में किया जाए, शेष आवेदनों का समाधान एक माह में कर आवेदकों को सूचित किया जाएगा।

    शिविरों में विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी जाएगी और हितग्राहीमूलक योजनाओं के आवेदन पत्र/प्रपत्र उपलब्ध कराए जाएंगे। प्रत्येक शिविर के लिए एक खंडस्तरीय अधिकारी को प्रभारी बनाया जाएगा, जो शिविर के समुचित संचालन को सुनिश्चित करेंगे। समाधान शिविरों में विकासखंड एवं अनुभाग स्तर के सभी अधिकारी उपस्थित रहेंगे, जिला स्तर से भी कुछ अधिकारी उपस्थित रहेंगे। इसी तरह की व्यवस्था नगरीय निकायों के शिविरों में भी की जाए।

  • पात्र हितग्राहियों को समय पर उपलब्ध हो राशन सामग्री : मंत्री दयालदास बघेल

    पात्र हितग्राहियों को समय पर उपलब्ध हो राशन सामग्री : मंत्री दयालदास बघेल

    रायपुर,

    खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग मंत्री दयालदास बघेल खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री दयालदास बघेल ने आज यहां मंत्रालय महानदी भवन स्थित अपने कक्ष में विभागीय काम-काज की समीक्षा की। मंत्री श्री बघेल ने विभागीय अधिकारियों को विभिन्न श्रेणियों के कार्ड धारकों को निर्धारित पात्रता के अनुसार समय पर सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत खाद्यान्न सामग्री उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। बैठक में सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत राशन सामग्री के आबंटन, भण्डारण एवं वितरण तथा धान उपार्जन एवं कस्टम मिलिंग की विस्तार से समीक्षा की गई।

    मंत्री बघेल ने उचित मूल्य की दुकानों का जल्द भौतिक सत्यापन के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सत्यापन के बाद दुकानों में पायी गई कमी, वसूली एवं दर्ज प्रकरणों का निराकरण शीघ्रता से करने के निर्देश दिए। बघेल ने प्रदेश के सुदूर एवं पहुंच विहीन इलाकों की उचित मूल्य की दुकानों में अग्रिम खाद्यान्न भण्डारण हेतु समय रहते पर्याप्त भण्डारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को प्रत्येक माह उचित मूल्य दुकानों का निरीक्षण करने भी कहा है।

    मंत्री बघेल ने बैठक में खाद्य विपणन वर्ष 2024-25 में खरीदी केन्द्रों से धान उठाव की समीक्षा की। उन्होंने भारतीय खाद्य निगम में कस्टम मिलिंग के तहत चावल उपार्जन और नागरिक आपूर्ति निगम में चावल उपार्जन की प्रगति की जानकारी प्राप्त की।

    बैठक में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की अपर मुख्य सचिव ऋचा शर्मा, सचिव अन्बलगन पी., संचालक खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति निगम जितेन्द्र कुमार शुक्ला, प्रबंध संचालक मार्कफेड रमेश कुमार शर्मा सहित राज्य भंडारण गृह निगम, अपैक्स बैंक के प्रमुख अधिकारी एवं जिलों के खाद्य नियंत्रक एवं खाद्य अधिकारी उपस्थित थे।

  • संबलपुर में राज्यपाल ने किया लक्ष्मीकांत बेजबरुआ के साहित्य का अवलोकन, दी श्रद्धांजलि

    संबलपुर में राज्यपाल ने किया लक्ष्मीकांत बेजबरुआ के साहित्य का अवलोकन, दी श्रद्धांजलि

    रायपुर,

    छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका ने आज अपने संबलपुर प्रवास के दौरान आधुनिक असमिया साहित्य के प्रसिद्ध साहित्यकार लक्ष्मीकांत बेजबरुआ के निवास पहुंचे। यहां उन्होंने उनके साहित्य का अवलोकन किया और उनके योगदान को नमन करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की।

    श्री लक्ष्मीकांत बेजबरुआ असमिया साहित्य के प्रमुख हस्ती थे। उनका साहित्य न केवल असम की सांस्कृतिक विरासत को सहेजने का कार्य करता है, बल्कि भारतीय साहित्य में भी उनका महत्वपूर्ण स्थान है। वे असमिया भाषा के पुर्नजागरण के अग्रदूतों में से एक थे और उनकी रचनाएँ आज भी पाठकों के बीच लोकप्रिय है।

    राज्यपाल ने कहा कि बेजबरुआ का साहित्य समाज को नई दिशा देने वाला रहा है। उनकी लेखनी ने असमिया भाषा को सशक्त बनाया और उनके साहित्य आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी। इस अवसर पर राज्यपाल ने उनके साहित्यिक योगदान को याद करते हुए कहा कि उनकी रचनाएँ न केवल असम, बल्कि पूरे भारत की साहित्यिक धरोहर का अभिन्न हिस्सा हैं।

  • मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कैंसर डिटेक्शन वैन को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

    मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कैंसर डिटेक्शन वैन को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

     

    जशपुर जिला प्रशासन और बालको मेडिकल सेंटर द्वारा निःशुल्क रोग परामर्श शिविर का किया जा रहा आयोजन

    रायपुर

    मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार जशपुर जिला प्रशासन और बालको मेडिकल सेंटर, रायपुर के संयुक्त तत्वाधान में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग द्वारा 07 एवं 08 अप्रैल 2025 को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कुनकुरी में निःशुल्क रक्त एवं कैंसर रोग परामर्श शिविर का आयोजन किया जा रहा है।
             
    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज सीएम कैंप कार्यालय बगिया से मोबाइल कैंसर डिटेक्शन वैन को झंडी दिखाकर रवाना किया गया। कैंसर डिटेक्शन वैन के माध्यम से जशपुर जिले में कैंसर सम्भावित मरीजों का जाँच एवं उपचार  7 एवं 8 अप्रैल को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कुनकुरी में नि:शुल्क उपलब्ध रहेगा।  इस स्वास्थ्य शिविर का उद्देश्य कैंसर जैसी गंभीर बीमारी को शुरुआती स्तर पर ही पकड़ना है जिसे इसका प्रभावी एवं सुगम इलाज हो सके । शिविर में स्तन कैंसर, बच्चेदानी का कैंसर, मुंह का कैंसर, रक्त संबंधी कैंसर व रक्त विकारो की नि:शुल्क जांच की जाएगी।

  • छत्तीसगढ़ की नई धमनी बनेगी खरसिया-परमलकसा 5वीं-6वीं रेल लाइन, मिलेगा बंपर रोजगार: रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव

    छत्तीसगढ़ की नई धमनी बनेगी खरसिया-परमलकसा 5वीं-6वीं रेल लाइन, मिलेगा बंपर रोजगार: रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव

    रायपुर

    केंद्रीय कैबिनेट की ओर से मंजूर खरसिया-नया रायपुर-परमलकसा रेल प्रोजेक्ट के बारे में रेल, सूचना एवं प्रसारण, इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने सोमवार को रेल भवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि यह प्रोजेक्ट छत्तीसगढ़ की रेल कनेक्टिविटी को बदलने वाला है । इस प्रोजेक्ट पर 8741 करोड़ रुपये की लागत आएगी और इससे पूरे छत्तीसगढ़ को एक छोर से दूसरे छोर तक कवरेज मिलेगा । रेल मंत्री ने कहा कि खरसिया-परमलकसा 5वीं-6वीं रेल लाइन छत्तीसगढ़ में रेल नेटवर्क की नई धमनी की तरह है। यह ओडिशा की सीमा से महाराष्ट्र की सीमा तक रेल नेटवर्क की सुविधा प्रदान करेगी।

    प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए रेल मंत्री ने कहा कि यह भारत के सबसे बड़े प्रोजेक्ट में से एक है । इससे छत्तीसगढ़ के रायगढ़, जांजगीर चाँपा, बिलासपुर, बलौदा बाजार, दुर्ग और राजनांदगांव जैसे जिले जुड़ेंगे । इसके तहत 21 स्टेशन बनेंगे, 48 बड़े ब्रिज और साथ ही 349 माइनर ब्रिज, 14 फ्लाईओवर और 184 अंडर पास का निर्माण होगा । स्थानीय स्तर पर निवासियों को दिक्कत ना हो इसके लिए 5 रेल फ्लाईओवर भी निर्मित किए जाएंगे ।

    रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि इस प्रोजेक्ट में 278 किलोमीटर रूट में 615 किलोमीटर लंबी पटरियां बिछाई जाएंगी। इस रूट के निर्माण के बाद 8 से ज्यादा मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों का संचालन किया जाएगा । इस रेल नेटवर्क के निर्माण से करीब 22 करोड़ लीटर डीजल बचेगा और रेलवे को लगभग 2500 करोड़ रुपये के डीजल की बचत होगी । रेल मंत्री ने कहा कि भगवान राम के वनवास के दौरान माता शबरी के प्रसंग से जुड़े लक्ष्मी नारायण मंदिर का भी इस रेल नेटवर्क से संपर्क स्थापित होगा । बलौदा बाजार और खरसिया जैसे सीमेंट उत्पादन के बड़े इंडस्ट्रियल हब भी इस नेटवर्क से जुड़ेंगे ।

    श्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि स्थानीय लोगों की सुविधा के लिए रेलवे अब बायपास पद्धति को अपना रही है । इसके तहत मालगाड़ी को शहर के बाहर से निकालने पर जोर दिया जा रहा है । वहीं यात्री गाड़ियों को शहर के अंदर एंट्री दी जाएगी । इस रेल लाइन के निर्माण के दौरान भी इस पर फोकस रहेगा । साथ ही छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत कोसा सिल्क के उत्पादन वाले इलाके भी रेल लाइन के जरिए जुड़ेंगे । इसके चलते 2 करोड़ मानव दिवस रोजगार उत्पन्न होगा ।

    रेल मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ का रेलवे बजट अब 22 गुना बढ़कर लगभग 6900 करोड़ से ज्यादा हो गया है । साथ ही 2014 के बाद छत्तीसगढ़ में रेलवे के काम में अभूतपूर्व तेजी आई है । इसके तहत 1,125 किमी नए ट्रैक बने हैं, जोकि दुबई के पूरे रेलवे नेटवर्क से ज्यादा है ।  

    उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में रेलवे का कुल निवेश 47 हजार करोड़ से अधिक है । इसके तहत 32 स्टेशनों का पुनर्निर्माण हो रहा है, और इन्हें पूरी तरह नया बनाया जा रहा है । इनमें से कई स्टेशनों के विकास का कार्य इस साल के अंत तक पूरा हो जाएगा।

    राज्य के महत्वपूर्ण रेल प्रोजेक्ट्स की जानकारी देते हुए रेल मंत्री ने कहा कि दल्लीराजहरा से रावघाट नई लाइन पूरी होने वाली है । अब इसके आगे रावघाट से जगदलपुर रेल लाइन के डीपीआर बनाने का काम लगभग पूरा हो गया है । वैसे ही गेवरा-पेन्ड्रा रोड नई लाइन पर भी तेजी से काम चल रहा है । साथ ही राजनांदगांव से नागपुर तीसरी लाइन, झारसुगड़ा से बिलासपुर चौथी लाइन, रायपुर-केन्द्री-धमतरी से अभनपुर-राजिम लाइन का गेज कन्वर्जन करके ब्रॉड गेज बनाया जा रहा है । राजनांदगांव से डोंगरगढ़ चौथी लाइन, जगदलपुर से कोरापुट की डबलिंग, धरमजयगढ़ से कोरबा नई लाइन, अनूपपुर से अंबिकापुर के दोहरीकरण के लिए पर्याप्त फंड दिए गए हैं । रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि छत्तीसगढ़ के लोगों ने जिन उम्मीदों के साथ डबल इंजन की सरकार बनाई है, उसे पूरा करने का काम भारतीय रेल कर रही है।

    मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि जब से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार आई है, छत्तीसगढ़ में रेलवे से जुड़ा हजारों करोड़ का काम हो रहा है । नई परियोजना से छत्तीसगढ़ के अनेक जिले जुड़ते हैं, यह राज्य के लिए सौभाग्य की बात है । स्टेशनों के विकास के लिए सरकार ने करोड़ों का फंड दिया है, इससे रेलवे और छत्तीसगढ़ की तस्वीर बदलेगी ।

    मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय रेल मंत्री श्री अश्वनी वैष्णव को  धन्यवाद देते हुए कहा कि खरसिया-नया रायपुर-परमलकसा रेल परियोजना जैसी महत्त्वपूर्ण सौगात से छत्तीसगढ़ के विकास को एक नई गति मिलेगी। यह रेल परियोजना जांजगीर-चांपा, सक्ती, बलौदा बाजार, रायपुर, दुर्ग और राजनांदगांव जैसे प्रमुख जिलों को जोड़ेगी। इससे इन जिलों के नए अवसर मिलेंगे। लोगों को रोजगार मिलेगा। बलौदाबाजार और जांजगीर अब उद्योगों के लिए नया हब बनकर उभरेंगे। यह क्षेत्र लाइमस्टोन (चूना पत्थर) से समृद्ध है। रेल संपर्क बेहतर होने से यहां सीमेंट उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा।

    उन्होंने कहा कि नया रायपुर तक सीधी रेल लाइन से राजधानी का संपर्क मुंबई और कोलकाता जैसे महानगरों से और बेहतर होगा। परियोजना से माल परिवहन तेज होगा, जिससे उद्योगों की लॉजिस्टिक लागत में कमी आएगी। इससे कृषि उत्पादों, खनिजों और निर्माण सामग्री के ट्रांसपोर्ट को भी बल मिलेगा। इससे नया रायपुर के विकास को नई दिशा और रफ्तार मिलेगी।

    केन्द्रीय आवासन एवं शहरी राज्यमंत्री श्री तोखन साहू  ने छत्तीसगढ़ राज्य के लिए मंजूर किए गए इस परियोजना के लिए खुशी जाहिर करते हुए समस्त छत्तीसगढ़ के निवासियों की तरफ से माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी एवं  केंद्र सरकार का धन्यवाद किया ।

  • छत्तीसगढ़ की नई धमनी बनेगी खरसिया-परमलकसा 5वीं-6वीं रेल लाइन, मिलेगा बंपर रोजगार : रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव

    छत्तीसगढ़ की नई धमनी बनेगी खरसिया-परमलकसा 5वीं-6वीं रेल लाइन, मिलेगा बंपर रोजगार : रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव

    छत्तीसगढ़ के विकास के लिए खरसिया – परमलकसा रेल परियोजना एक ऐतिहासिक कदम- मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय

    रायपुर। केंद्रीय कैबिनेट की ओर से मंजूर खरसिया-नया रायपुर-परमलकसा रेल प्रोजेक्ट के बारे में रेल, सूचना एवं प्रसारण, इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने सोमवार को रेल भवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि यह प्रोजेक्ट छत्तीसगढ़ की रेल कनेक्टिविटी को बदलने वाला है । इस प्रोजेक्ट पर 8741 करोड़ रुपये की लागत आएगी और इससे पूरे छत्तीसगढ़ को एक छोर से दूसरे छोर तक कवरेज मिलेगा । रेल मंत्री ने कहा कि खरसिया-परमलकसा 5वीं-6वीं रेल लाइन छत्तीसगढ़ में रेल नेटवर्क की नई धमनी की तरह है। यह ओडिशा की सीमा से महाराष्ट्र की सीमा तक रेल नेटवर्क की सुविधा प्रदान करेगी।

    प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए रेल मंत्री ने कहा कि यह भारत के सबसे बड़े प्रोजेक्ट में से एक है । इससे छत्तीसगढ़ के रायगढ़, जांजगीर चाँपा, बिलासपुर, बलौदा बाजार, दुर्ग और राजनांदगांव जैसे जिले जुड़ेंगे । इसके तहत 21 स्टेशन बनेंगे, 48 बड़े ब्रिज और साथ ही 349 माइनर ब्रिज, 14 फ्लाईओवर और 184 अंडर पास का निर्माण होगा । स्थानीय स्तर पर निवासियों को दिक्कत ना हो इसके लिए 5 रेल फ्लाईओवर भी निर्मित किए जाएंगे ।

    रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि इस प्रोजेक्ट में 278 किलोमीटर रूट में 615 किलोमीटर लंबी पटरियां बिछाई जाएंगी। इस रूट के निर्माण के बाद 8 से ज्यादा मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों का संचालन किया जाएगा । इस रेल नेटवर्क के निर्माण से करीब 22 करोड़ लीटर डीजल बचेगा और रेलवे को लगभग 2500 करोड़ रुपये के डीजल की बचत होगी । रेल मंत्री ने कहा कि भगवान राम के वनवास के दौरान माता शबरी के प्रसंग से जुड़े लक्ष्मी नारायण मंदिर का भी इस रेल नेटवर्क से संपर्क स्थापित होगा । बलौदा बाजार और खरसिया जैसे सीमेंट उत्पादन के बड़े इंडस्ट्रियल हब भी इस नेटवर्क से जुड़ेंगे ।

    श्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि स्थानीय लोगों की सुविधा के लिए रेलवे अब बायपास पद्धति को अपना रही है । इसके तहत मालगाड़ी को शहर के बाहर से निकालने पर जोर दिया जा रहा है । वहीं यात्री गाड़ियों को शहर के अंदर एंट्री दी जाएगी । इस रेल लाइन के निर्माण के दौरान भी इस पर फोकस रहेगा । साथ ही छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत कोसा सिल्क के उत्पादन वाले इलाके भी रेल लाइन के जरिए जुड़ेंगे । इसके चलते 2 करोड़ मानव दिवस रोजगार उत्पन्न होगा ।

    रेल मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ का रेलवे बजट अब 22 गुना बढ़कर लगभग 6900 करोड़ से ज्यादा हो गया है । साथ ही 2014 के बाद छत्तीसगढ़ में रेलवे के काम में अभूतपूर्व तेजी आई है । इसके तहत 1,125 किमी नए ट्रैक बने हैं, जोकि दुबई के पूरे रेलवे नेटवर्क से ज्यादा है ।

    उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में रेलवे का कुल निवेश 47 हजार करोड़ से अधिक है । इसके तहत 32 स्टेशनों का पुनर्निर्माण हो रहा है, और इन्हें पूरी तरह नया बनाया जा रहा है । इनमें से कई स्टेशनों के विकास का कार्य इस साल के अंत तक पूरा हो जाएगा।

    राज्य के महत्वपूर्ण रेल प्रोजेक्ट्स की जानकारी देते हुए रेल मंत्री ने कहा कि दल्लीराजहरा से रावघाट नई लाइन पूरी होने वाली है । अब इसके आगे रावघाट से जगदलपुर रेल लाइन के डीपीआर बनाने का काम लगभग पूरा हो गया है । वैसे ही गेवरा-पेन्ड्रा रोड नई लाइन पर भी तेजी से काम चल रहा है । साथ ही राजनांदगांव से नागपुर तीसरी लाइन, झारसुगड़ा से बिलासपुर चौथी लाइन, रायपुर-केन्द्री-धमतरी से अभनपुर-राजिम लाइन का गेज कन्वर्जन करके ब्रॉड गेज बनाया जा रहा है । राजनांदगांव से डोंगरगढ़ चौथी लाइन, जगदलपुर से कोरापुट की डबलिंग, धरमजयगढ़ से कोरबा नई लाइन, अनूपपुर से अंबिकापुर के दोहरीकरण के लिए पर्याप्त फंड दिए गए हैं । रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि छत्तीसगढ़ के लोगों ने जिन उम्मीदों के साथ डबल इंजन की सरकार बनाई है, उसे पूरा करने का काम भारतीय रेल कर रही है।

    मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि जब से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार आई है, छत्तीसगढ़ में रेलवे से जुड़ा हजारों करोड़ का काम हो रहा है । नई परियोजना से छत्तीसगढ़ के अनेक जिले जुड़ते हैं, यह राज्य के लिए सौभाग्य की बात है । स्टेशनों के विकास के लिए सरकार ने करोड़ों का फंड दिया है, इससे रेलवे और छत्तीसगढ़ की तस्वीर बदलेगी ।

    मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय रेल मंत्री श्री अश्वनी वैष्णव को धन्यवाद देते हुए कहा कि खरसिया-नया रायपुर-परमलकसा रेल परियोजना जैसी महत्त्वपूर्ण सौगात से छत्तीसगढ़ के विकास को एक नई गति मिलेगी। यह रेल परियोजना जांजगीर-चांपा, सक्ती, बलौदा बाजार, रायपुर, दुर्ग और राजनांदगांव जैसे प्रमुख जिलों को जोड़ेगी। इससे इन जिलों के नए अवसर मिलेंगे। लोगों को रोजगार मिलेगा। बलौदाबाजार और जांजगीर अब उद्योगों के लिए नया हब बनकर उभरेंगे। यह क्षेत्र लाइमस्टोन (चूना पत्थर) से समृद्ध है। रेल संपर्क बेहतर होने से यहां सीमेंट उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा।

    उन्होंने कहा कि नया रायपुर तक सीधी रेल लाइन से राजधानी का संपर्क मुंबई और कोलकाता जैसे महानगरों से और बेहतर होगा। परियोजना से माल परिवहन तेज होगा, जिससे उद्योगों की लॉजिस्टिक लागत में कमी आएगी। इससे कृषि उत्पादों, खनिजों और निर्माण सामग्री के ट्रांसपोर्ट को भी बल मिलेगा। इससे नया रायपुर के विकास को नई दिशा और रफ्तार मिलेगी।

    केन्द्रीय आवासन एवं शहरी राज्यमंत्री श्री तोखन साहू ने छत्तीसगढ़ राज्य के लिए मंजूर किए गए इस परियोजना के लिए खुशी जाहिर करते हुए समस्त छत्तीसगढ़ के निवासियों की तरफ से माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी एवं केंद्र सरकार का धन्यवाद किया।