Category: छत्तीसगढ़

  • साफ, सुंदर और सुविधापूर्ण बनाएं छत्तीसगढ़ के शहरों को: अरुण साव साफ, सुंदर और सुविधापूर्ण बनाएं छत्तीसगढ़ के शहरों को

    साफ, सुंदर और सुविधापूर्ण बनाएं छत्तीसगढ़ के शहरों को: अरुण साव साफ, सुंदर और सुविधापूर्ण बनाएं छत्तीसगढ़ के शहरों को

    रायपुर : साफ, सुंदर और सुविधापूर्ण बनाएं छत्तीसगढ़ के शहरों को: अरुण साव
    साफ, सुंदर और सुविधापूर्ण बनाएं छत्तीसगढ़ के शहरों को

    उप मुख्यमंत्री ने नगर निगमों, नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों के कार्यों की समीक्षा की

    अनुकम्पा नियुक्ति की प्रक्रियाएं 10 जनवरी तक पूर्ण करने के दिए निर्देश

    आयुक्तों और मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को रोजाना वार्डों का भ्रमण कर निर्माण कार्यों, सफाई और प्रकाश व्यवस्था की मॉनिटरिंग करने कहा

    अटल परिसरों और नालंदा परिसरों के काम में तेजी लाने और उत्कृष्ट निर्माण के निर्देश

    रायपुर

     

    उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री अरुण साव ने आज वरिष्ठ विभागीय अधिकारियों के साथ नगर निगमों, नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों के कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने मंत्रालय में वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के माध्यम से आयोजित समीक्षा बैठक में सभी नगरीय निकायों को अनुकम्पा नियुक्ति की प्रक्रियाएं 10 जनवरी तक पूर्ण करने के निर्देश दिए। नगरीय प्रशासन विभाग द्वारा अनुकम्पा नियुक्ति के लिए प्रदेशभर के नगरीय निकायों में 353 नए पद मंजूर किए गए हैं।

        उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने बैठक में नगर निगमों के आयुक्तों तथा नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को रोजाना वार्डों का भ्रमण कर निर्माण कार्यों, साफ-सफाई और प्रकाश व्यवस्था की मॉनिटरिंग करने को कहा। उन्होंने नगरीय निकायों में बन रहे अटल परिसरों और नालंदा परिसरों के काम में तेजी लाने और इनके उत्कृष्ट निर्माण के निर्देश दिए। साव ने अधिकारियों को गंभीरता और सक्रियता से काम करते हुए राज्य के शहरों को साफ, सुंदर और सुविधापूर्ण बनाने को कहा। नगरीय प्रशासन विभाग के सचिव डॉ. बसवराजु एस., विशेष सचिव आर. एक्का और संचालक कुंदन कुमार भी समीक्षा बैठक में शामिल हुए।  

        उप मुख्यमंत्री साव ने समीक्षा बैठक में सभी नगरीय निकायों में अटल परिसर के निर्माण कार्यों में तेजी लाते हुए अच्छी गुणवत्ता की उत्कृष्ट मूर्ति स्थापित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अटल परिसर का इस तरह निर्माण करें कि शहर में इसकी विशेष पहचान और दर्शनीय स्थल बनें। उन्होंने प्रदेश के 12 शहरों में बनाए जा रहे नालंदा परिसर के लिए निविदा की प्रक्रिया पूरी कर शीघ्र काम प्रारंभ करने को कहा। साव ने अधिकारियों से कहा कि नालंदा परिसर का शानदार और आइकॉनिक निर्माण होना चाहिए। नालंदा परिसर और अटल परिसर का निर्माण सरकार के महत्वाकांक्षी कार्य हैं। उन्होंने आयुक्तों और मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को खुद इनकी मॉनिटरिंग करने और प्रगति की नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए।

        उप मुख्यमंत्री साव ने बैठक में अधोसंरचना मद और 15वें वित्त आयोग के तहत स्वीकृत कार्यों के साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी), अमृत मिशन 2.0, एसटीपी निर्माण और आकांक्षी शौचालयों के कार्यों में भी तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने निर्माण कार्यों में सामग्री और निर्माण की गुणवत्ता सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने सभी नगरीय निकायों के अधिकारियों को रोजाना प्रातः भ्रमण कर निर्माण कार्यों, साफ-सफाई और प्रकाश व्यवस्था की मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। उन्होंने 01 जनवरी से ही इसकी शुरूआत कर शहरों में प्रकाश और सफाई की व्यवस्था दुरूस्त करने को कहा। साव ने इसमें किसी भी तरह की कोताही न बरतते हुए गंभीरता और सक्रियता से प्रतिदिन कार्यों की मॉनिटरिंग करने को कहा। इसमें किसी तरह का हीला-हवाला पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।   

        साव ने समीक्षा बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के निर्माणाधीन आवासों को आगामी मार्च महीने तक पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने गरीबों का आशियाना तैयार करने का काम संवेदनशीलता से करते हुए इनका निर्माण प्राथमिकता से पूर्ण करने को कहा।  उन्होंने किफायती आवास परियोजनाओं के तहत निर्मित आवासों का आबंटन हितग्राहियों को तत्काल करने के निर्देश दिए। उप मुख्यमंत्री साव ने जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के दौरान अनिराकृत प्रकरणों की नियमित समीक्षा कर इन्हें जल्द से जल्द निराकृत करने को कहा।

        साव ने नगरीय निकायों में नियमित और प्लेसमेंट कर्मचारियों के समय पर वेतन भुगतान सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने ऊर्जा की अनावश्यक खपत पर रोक लगाते हुए विद्युत देयकों का भुगतान समय पर करने के निर्देश दिए। लंबित भुगतान के कारण विद्युत देयकों पर सरचार्ज लगने की स्थिति नहीं बननी चाहिए। साव ने नगरीय निकायों में सेट-अप के पुनरीक्षण के लिए आवश्यक जानकारी संचालनालय को भेजने को कहा। उन्होंने आयुक्तों और मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को सभी कार्यों की साप्ताहिक समीक्षा करने के निर्देश दिए। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग की संयुक्त सचिव डॉ. रेणुका श्रीवास्तव, राज्य शहरी विकास अभिकरण (सूडा) के सीईओ शशांक पाण्डेय और नगरीय प्रशासन विभाग के अपर संचालक पुलक भट्टाचार्य सहित सभी क्षेत्रीय कार्यालयों के संयुक्त संचालक एवं नगरीय निकायों के अभियंता भी समीक्षा बैठक में मौजूद थे।

  •  अमर वीरों के कारण राष्ट्र और धर्म सुरक्षित है- त्रिलोक  श्रीवास

     अमर वीरों के कारण राष्ट्र और धर्म सुरक्षित है- त्रिलोक  श्रीवास

    बिलासपुर । अमर हुतात्माओं जिन्होंने अपने जान की परवाह न करते हुए वीरगति को प्राप्त किया, गुरु गोविंद सिंह और उनके अमर पुत्र जिनका बाल्यावस्था में राष्ट्र धर्म और मानवता के कारण वीरगति को प्राप्त किया, ऐसे हुतात्माओं के कारण ही आज राष्ट्र और हमारा धर्म का अस्तित्व व्यापक और मजबूत है ,हमें ऐसे वीर हुतात्माओं पर गर्व है, आने वाले सैकड़ो वर्षों तक भारतवासी इनके योगदानों को याद करेंगे और सदैव उनसे प्रेरणा लेते रहेंगे यह बातें जिले के लोकप्रिय कांग्रेस नेता त्रिलोक चंद्र श्रीवास, राष्ट्रीय समन्वयक- भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस, प्रदेश प्रभारी -उत्तर प्रदेश तथा गुजरात ने बेलतरा विधानसभा क्षेत्र के ग्राम कररा में गायत्री परिवार द्वारा आयोजित वीर बाल दिवस कार्यक्रम के अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित जनों को संबोधित करते हुए व्यक्त किया, इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में श्रीमती नंदनी पद्बटनवार घासीराम पुलसत ,फूल सिंह राज, प्रफुल्ल बैसवाड़े ,पंडित नवल किशोर शर्मा आयुष सिंह राज, कृष्णद्ब श्रीवास रामकुशल धीवर, सहित विद्यालय के शिक्षक गढ़ एवं सैकड़ो ग्रामीण जन उपस्थित थे इस अवसर पर आयोजन समिति के द्वारा त्रिलोक श्रीवास का स्मृति चिन्ह साल श्रीफल से सम्मानित किया गया।

  • मुख्यमंत्री की पहल पर प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने 7 विशेषज्ञ चिकित्सकों व 35 चिकित्सा अधिकारियों के संविदा नियुक्ति आदेश जारी

    मुख्यमंत्री की पहल पर प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने 7 विशेषज्ञ चिकित्सकों व 35 चिकित्सा अधिकारियों के संविदा नियुक्ति आदेश जारी

    रायपुर

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की पहल पर राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने व स्वास्थ्य सेवाओं की प्रदायगी हेतु पर्याप्त मानव संसाधन की उपलब्धता सुनिश्चित करते हुए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत संविदा पदों पर विशेषज्ञ चिकित्सकों व चिकित्सा अधिकारियों की नियुक्ति की गई है।
          स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल के निर्देश पर चिकित्सकों की पदस्थापना की गई है। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के आदेशानुसार राज्य के रायपुर संभाग के शासकीय अस्पतालों में 06 चिकित्सा अधिकारियों, बिलासपुर संभाग में 12 चिकित्सा अधिकारियों, सरगुजा संभाग में 05 चिकित्सा अधिकारियों, बस्तर संभाग में 06 चिकित्सा अधिकारियों के साथ दुर्ग संभाग में 06 चिकित्सा अधिकारियों की नियुक्ति की गई है। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, छत्तीसगढ़ द्वारा आज इन नवीन संविदा चिकित्सा अधिकारियों की पदस्थापना के आदेश जारी किए गए हैं। इन डॉक्टरों को संबंधित जिले के विभिन्न ग्रामीण और शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों तथा जिला चिकित्सालयों में पदस्थ किया गया है। नवीन संविदा चिकित्सा अधिकारी की पदस्थापना से त्वरित इलाज में तेजी आएगी और चिकित्सा सुविधाओं को बढ़ावा मिलेगा। विशेषज्ञ चिकित्सकों (संविदा) के जारी आदेश में डॉ. अमिताभ लालजी साहू, जिला अस्पताल बेमेतरा, डॉ. क्षमा चोपड़ा, जिला अस्पताल कबीरधाम, डॉ. निकिता खेस, जिला अस्पताल जांजगीर, डॉ. अनु आनी जॉन, जिला अस्पताल मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी, डॉ. शोएब खान जिला अस्पताल पंडरी रायपुर, डॉ. नील माधव गवेल, जिला अस्पताल रायगढ़ व डॉ. महिमा निधि जॉर्ज शास. चिकित्सा महाविद्यालय जिला रायगढ़ में पदस्थापना की गई है।

    रायपुर संभाग हेतु चिकित्सा अधिकारी (संविदा) के जारी आदेश में डॉ. भारती ठाकुर, डॉ. हरिश चौधरी, डॉ. अजीत कुमार पटेल, डॉ. ओजस्वी गौतम, डॉ. अनूप कुमार मेहर, डॉ. शिवेन्द्र सिंह मरई शामिल हैं।

     बिलासपुर संभाग हेतु जारी आदेश में  डॉ. ऋषा जोगी, डॉ अरशद आलम, डॉ जीनत शेख, डॉ. प्रतीक्षा सिंह, डॉ. लता गुप्ता डॉ. प्रवीण कुमार, डॉ. तेजस्विनी सोनी, डॉ. राजेश्वर प्रसाद कश्यप, डॉ. विरेन्द्र कुमार सार्वा, डॉ. राजेन्द्र कुमार साहू, डॉ. सुयश आंचल, डॉ. अनुराग यादव, सरगुजा संभाग हेतु जारी आदेश में डॉ. अभिषेक जायसवाल, डॉ. निहारिका कुशवाहा, डॉ. अंकिता बड़ा, डॉ. आकांक्षा मिंज, डॉ. अनुराग सिंह यादव का नाम है।
    दुर्ग संभाग हेतु चिकित्सा अधिकारी (संविदा) के जारी आदेश में डॉ. प्रखर जंघेल, डॉ. मुकेश कुमार वर्मा, डॉ. नेहा रामटेके, डॉ. अस्मिन निशा, डॉ. शेमोन सिंह ठाकुर, डॉ. सूर्य प्रताप सिंह ठाकुर हैं।
    बस्तर संभाग हेतु चिकित्सा अधिकारी (संविदा) के जारी आदेश में डॉ. प्रीति भवानी, डॉ. कविता नाग, डॉ. वैशाली साहू, डॉ. मेहुल पटेल, डॉ. गिरधर गोपाल यादव व डॉ. अतुल राज खटीक को पदस्थ किया गया है।

  • मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रदेशवासियों को नववर्ष 2025 की दी बधाई और शुभकामनाएं

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रदेशवासियों को नववर्ष 2025 की दी बधाई और शुभकामनाएं

    रायपुर

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रदेशवासियों को नववर्ष 2025 की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने शुभकामना व्यक्त करते हुए कहा कि नव वर्ष 2025 हम सभी के जीवन में तरक्की के नये अवसर लेकर लाये और हम सभी के जीवन में भरपूर सुख-समृद्धि का वास हो।

    मुख्यमंत्री साय ने कहा कि नव वर्ष हम सभी के लिए शुभ संकल्प लेने का समय है। पिछले साल हमने प्रधानमंत्री मोदी जी की गारंटी को पूरा करने का संकल्प लिया था और प्रत्येक वर्ग को लाभ पहुंचाने में हमें सफलता मिली। नए वर्ष में भी हम प्रदेश की जनता की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि इस साल हम सभी छत्तीसगढ़ की स्थापना का रजत जयंती वर्ष मना रहे हैं, साथ ही इस वर्ष को हमने अटल निर्माण वर्ष के रूप में भी मनाने का निर्णय लिया है। आप सभी की भागीदारी से हमें छत्तीसगढ़ को एक समृद्ध और विकसित राज्य बनाना है। उन्होंने कहा कि नव वर्ष में हम सब मिलकर छत्तीसगढ़ महतारी को संवारने के लिए और अधिक संकल्पित होकर कार्य करेंगे। उन्होंने हम सभी के शुभसंकल्प और मनोरथ नव वर्ष में पूरे हों, यह आशा व्यक्त करते हुए सभी के जीवन में सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की।

  • पहले नदी से लाती थीं पानी, अब सोलर पंप ने बदल दी जिंदगी

    पहले नदी से लाती थीं पानी, अब सोलर पंप ने बदल दी जिंदगी

    रायपुर

    कुछ समय पहले तक कोरबा जिले के बगदरीडांड गांव की बसंती मिंज के लिए घर के उपयोग के लिए पानी का प्रबंधन एक कठिन और जोखिम भरा काम था। उन्हें रोजाना पानी के लिए सिर पर बर्तन उठाकर जंगल की पगडंडियों से होते हुए नदी तक का सफर तय करना पड़ता था। बारिश के दिनों में कीचड़ और फिसलन के बीच उफनती नदी से पानी भरना उनके जीवन का सबसे बड़ा संघर्ष था। लेकिन अब यह संघर्ष बीते दिनों की बात हो गई है। गांव में सोलर ड्यूल पंप की स्थापना और उनके घर तक नल जल कनेक्शन लगने के बाद उनकी जिंदगी पूरी तरह बदल गई है।

    बसंती बताती हैं, पहले पानी के लिए नदी जाना पड़ता था। रास्ता लंबा और खतरनाक था, खासकर बरसात के दिनों में। सिर पर भरे हुए पानी के बर्तन उठाकर घर तक लाना बहुत मुश्किल होता था। लेकिन अब सोलर ड्यूल पंप के जरिए उनके घर तक पानी पहुंचता है। नल से निरंतर पानी मिलने से न केवल उनका जीवन सरल हुआ है, बल्कि उन्हें घर के अन्य कामों के लिए भी पर्याप्त समय मिल रहा है। सोलर ड्यूल पंप की स्थापना से न केवल बसंती, बल्कि गांव की अन्य महिलाओं के जीवन में भी बड़ा बदलाव आया है। अब उन्हें पानी के लिए घर से बाहर जाने की जरूरत नहीं पड़ती। पानी की उपलब्धता ने उनके जीवन को सुविधाजनक और सुरक्षित बना दिया है।

    बसंती कहती हैं, अब चाहे गर्मी हो या बारिश, पानी की चिंता खत्म हो गई है। नल से जितना पानी चाहिए, उतना आसानी से मिल जाता है। यह सुविधा हमारे लिए वरदान की तरह है। सोलर ड्यूल पंप परियोजना का उद्देश्य जल संकट से जूझ रहे ग्रामीण क्षेत्रों को पानी की सुविधा प्रदान करना और महिलाओं की दैनिक जीवन की कठिनाइयों को दूर करना है।

  • रायपुर : राष्ट्रीय साधन सह प्रावीण्य छात्रवृत्ति परीक्षा 16 फरवरी को

    रायपुर : राष्ट्रीय साधन सह प्रावीण्य छात्रवृत्ति परीक्षा 16 फरवरी को

    रायपुर

    केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय के अंतर्गत राष्ट्रीय साधन सह प्रावीण्य छात्रवृत्ति योजना (एनएमएमएसई) के तहत कक्षा 8वीं में अध्ययनरत आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों के लिए 16 फरवरी 2025 को परीक्षा आयोजित की जाएगी। चयनित विद्यार्थियों को कक्षा 9वीं से 12वीं तक प्रत्येक माह 1,000 रुपये की छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी। इस वर्ष परीक्षा का आयोजन माध्यमिक शिक्षा मण्डल, रायपुर द्वारा किया जा रहा है।

    छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मण्डल सचिव ने आज यहां बताया कि इस योजना के तहत आवेदन प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है और इच्छुक विद्यार्थी 9 जनवरी 2025 तक ऑफलाइन आवेदन पत्र जमा कर सकते हैं। आवेदन पत्र, प्रारूप, और परीक्षा केंद्रों की सूची सभी जिला शिक्षा अधिकारियों (डीईओ) और 66 परीक्षा केंद्राध्यक्षों को भेज दी गई है। विस्तृत जानकारी माध्यमिक शिक्षा मण्डल की वेबसाइट पर भी उपलब्ध है।

    उक्त परीक्षा में राज्य सरकार द्वारा संचालित, अनुदान प्राप्त, एवं स्थानीय निकाय के स्कूलों के कक्षा 8वीं के विद्यार्थी आवेदन कर सकते हैं। पिछले वर्ष कक्षा 7वीं में न्यूनतम 55 प्रतिशत अंक (एससी/एसटी के लिए 50 प्रतिशत) आवश्यक हैं। अभ्यर्थी के माता-पिता की वार्षिक आय सभी स्रोतों से अधिकतम 3.50 लाख रूपए होनी चाहिए। इस परीक्षा के लिए केंद्रीय विद्यालय, नवोदय विद्यालय, निजी स्कूल, एवं आवासीय विद्यालय के विद्यार्थी पात्र नहीं हैं।

  • बस्तर में लिखी जा रही विकास की नई इबारत, स्कूल से लेकर सड़क, बिजली और बदलाव की कहानी

    बस्तर में लिखी जा रही विकास की नई इबारत, स्कूल से लेकर सड़क, बिजली और बदलाव की कहानी

    बस्तर
     छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित बस्तर में एक नई हवा चलना शुरू हुई है। यहां के अबूझमाड़ के दूर-दराज इलाके में जहाँ कभी गोलियों की तड़तड़ाहट गूंजती थी, अब सीमेंट मिक्सर की आवाज़ सुनाई दे रही है। रेकावया गांव में आज़ादी के बाद पहला स्कूल बन रहा है। यह बदलाव सुरक्षा बलों के आक्रामक अभियान का नतीजा है, जिसमें इस साल 222 माओवादियों को मार गिराया गया है।

    यहां विकास परियोजनाएं भी तेज़ी से आगे बढ़ रही हैं। जिससे बस्तर में बिजली, सड़क और पानी जैसी बुनियादी सुविधाएं पहुंच रही हैं। सरकार आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों के लिए पुनर्वास नीति में भी बदलाव कर रही है। हालांकि, इस सैन्य अभियान के कारण आम नागरिक भी हिंसा के शिकार हो रहे हैं। माओवादी भी आम लोगों पर हमले कर रहे हैं। शांति वार्ता की संभावना अभी धुंधली है। बस्तर के इस नए अध्याय का नेतृत्व एक आदिवासी मुख्यमंत्री कर रहे हैं, जिससे उम्मीद है कि वे इस क्षेत्र की समस्याओं को बेहतर समझेंगे।

    गोलियों की आवाज के बीच बदलाव की शांति

    यह गांव रायपुर से लगभग 300 किलोमीटर दूर अबूझमाड़ के घने जंगलों में स्थित है। गोलियों की आवाज के बीच बदलाव आसान नहीं था। इस साल की शुरुआत में रेकावया में आठ माओवादियों को मार गिराया गया था। इसके बाद ही यहां सुरक्षा शिविर स्थापित किए जा सके और स्कूल के निर्माण के लिए इंद्रावती नदी के रास्ते ईंट और सीमेंट पहुंचाना संभव हो पाया। यह वही स्कूल है, जिसे कभी माओवादी चलाते थे।

    बस्तर में खुले विकास के रास्ते

    बस्तर में माओवादियों के खिलाफ यह अभियान केवल रेकावया तक सीमित नहीं है। पूरे बस्तर में सुरक्षा बलों ने 222 माओवादियों को मार गिराया है। यह संख्या पिछले पांच सालों के मुकाबले कहीं ज्यादा है। विष्णु देव साई के नेतृत्व वाली बीजेपी सरकार के इस आक्रामक अभियान ने माओवादियों को उनके गढ़ अबूझमाड़ से भी खदेड़ दिया है। इससे बस्तर में विकास के रास्ते खुल गए हैं। बिजली, सड़क और पानी जैसी बुनियादी सुविधाएँ अब उन इलाकों तक पहुँच रही हैं, जो कभी माओवादियों के कब्जे में थे।

    दो दशक पहले बंद हुए 50 स्कूल फिर खुले

    माओवादी हिंसा के कारण दो दशक पहले बंद हुए लगभग 50 स्कूलों को फिर से खोला गया है। इनमें से कुछ स्कूलों का पुनर्निर्माण उन्हीं माओवादियों ने किया है, जिन्होंने कभी इन्हें तोड़ा था। ये माओवादी अब हथियार छोड़कर समाज की मुख्यधारा में शामिल हो गए हैं। इसके साथ ही नई ज़िंदगी शुरू करने की कोशिश कर रहे हैं।

    222 माओवादियों का सफाया

    इस साल सुरक्षा बलों की सफलता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि 2023 में जहां 20 माओवादी मारे गए थे, वहीं इस साल अब तक 222 माओवादियों को मार गिराया गया है। नारायणपुर में एक ही अभियान में 31 माओवादी मारे गए थे।

    खूंखार नक्सली का गांव पर पुनरुत्थान का प्रतीक

    छत्तीसगढ़ सरकार सुरक्षा बलों की सफलता के बाद विकास परियोजनाओं को तेज़ी से आगे बढ़ा रही है। खूंखार माओवादी कमांडर हिड़मा के पैतृक गांव पुवर्ती, बस्तर के पुनरुत्थान का प्रतीक बन गया है। इस साल नवंबर में पुवर्ती के आस-पास के कई गांवों में आज़ादी के बाद पहली बार बिजली पहुंची है। यहां सड़क का निर्माण भी चल रहा है। इस साल की शुरुआत में स्थापित एक सुरक्षा शिविर ने इस बदलाव में अहम भूमिका निभाई है। इस शिविर की बदौलत इस गणतंत्र दिवस पर दशकों बाद पुवर्ती में तिरंगा फहराया गया।

    माओवादियों का भी दिल जीत रही सरकार

    केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मार्च 2026 तक माओवादियों का सफाया करने का वादा किया है। सरकार न केवल बस्तर के लोगों का बल्कि माओवादी कार्यकर्ताओं का भी दिल जीतने में कामयाब होती दिख रही है। इस साल सात साल में सबसे ज़्यादा 802 माओवादी कार्यकर्ताओं ने आत्मसमर्पण किया है। इन पर कुल 8.2 करोड़ रुपये से ज़्यादा का इनाम था। इससे पहले 2016 में 1,210 माओवादियों ने आत्मसमर्पण किया था। सरकार ने हाल ही में अपनी पुनर्वास नीति में बदलाव किया है। आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों और नक्सली हिंसा के पीड़ितों के लिए 15,000 घरों को मंजूरी दी गई है। साथ ही, कौशल विकास के लिए 10,000 रुपये प्रति माह का वजीफा भी दिया जाएगा।

    बस्तर रेंज आईजी का कहना

    बस्तर रेंज के आईजी पी. सुंदरराज ने हमारे सहयोगी टीओआई को बताया कि 2024 बस्तर रेंज के जवानों के लिए सभी मोर्चों पर महत्वपूर्ण रहा। हमने उन इलाकों में भी सेंध लगाई, जिन्हें माओवादियों का अभेद्य गढ़ माना जाता था। अबूझमाड़ और दक्षिण बस्तर में अभूतपूर्व सफलताओं ने न केवल सुरक्षा बलों का मनोबल बढ़ाया है, बल्कि स्थानीय लोगों को भी उम्मीद दी है कि नक्सली खतरा जल्द ही खत्म हो जाएगा। यह न केवल मारे गए नक्सलियों की संख्या है, बल्कि राज्य समिति स्तर के कैडर जैसे उच्च पदस्थ कैडर का नक्सली पारिस्थितिकी तंत्र से हटना है, जिसने हमें इस सीज़न में बढ़त दिलाई है। उन्होंने आगे कहा कि दक्षिण बस्तर, पश्चिम बस्तर और माड़ क्षेत्र के वंचित इलाकों में हमारी परिचालन और विकास पहुंच बढ़ाने से स्थिति बदल गई है। गांवों में पीडीएस दुकानें, आंगनवाड़ी केंद्र और घरेलू विद्युतीकरण जैसी बुनियादी सुविधाएं प्रदान करने से विकास की कमी दूर हुई है और स्थानीय आबादी और सरकार के बीच विश्वास बढ़ा है। हमें आगामी सीज़न में बेहतर परिणामों की उमीद है।

  • महतारी वंदन योजना: बेटी का भविष्य गढ रही विमला

    महतारी वंदन योजना: बेटी का भविष्य गढ रही विमला

    बिलासपुर। महतारी वंदन योजना से महिलाओं के जीवन में एक सकारात्मक बदलाव की शुरूआत हुई है और उनके जीवन को एक नई दिशा मिल रही है। योजना के तहत मिलने वाली राशि से महिलाओं को सामाजिक सुरक्षा और आर्थिक सहायता मिल रही है साथ ही उनके बच्चों का भविष्य गढऩे में भी यह योजना सार्थक बन रही है। बिलासपुर देवरीखुर्द की स्वच्छता दीदी विमला धुरी योजना से मिलने वाली राशि का उपयोग अपनी बेटी के लिए सुकन्या समृद्धि योजना में निवेश करने में कर रही है।  
    बुटापारा देवरीखुर्द की रहने वाली श्रीमती विमला धुरी नगर निगम में स्वच्छता दीदी के रूप में काम करती है और अपने परिवार को आर्थिक सहयोग देती है। विमला ने बताया कि महतारी वंदन योजना से विगत 10 माह से हर माह 1 हजार की राशि उनके खाते में आ रही है। मानदेय के अतिरिक्त सरकार से मिलने वाली इस राशि का उपयोग वह अपनी बेटी के भविष्य को संवारने में करेंगी। विमला ने बताया कि बेटी के नाम से उन्होंने सुकन्या समृद्धि खाता खुलवाया है और सरकार से मिलने वाली इस मदद को हर माह बेटी के नाम पर सुकन्या समृद्धि खाते में जमा कर रही है। सुकन्या समृद्धि योजना में प्रतिवर्ष चक्रीय ब्याज की गणना होती है जिससे निवेश राशि में प्रतिवर्ष बढ़ोत्तरी होती है। यह राशि बेटी की भविष्य में शिक्षा-दीक्षा के काम आएगी।
    विमला ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय द्वारा हम जैसी जरूरतमंद महिलाओं को दी जा रही इस मदद से बढ़ा सहारा है। हमारी आमदनी इतनी नहीं होती कि हम किसी तरह की बचत कर सकें। लेकिन सरकार की इस पहल से हम जैसी लाखों महिलाएं बचत और निवेश कर आर्थिक समृद्धि की ओर बढ़ रही हैं जिसके लिए हम मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के आभारी है।

  • बीटीसी वॉरियर्स चतुर्थ वर्ष की टीम बनी चैंपियन

    बीटीसी वॉरियर्स चतुर्थ वर्ष की टीम बनी चैंपियन

    बिलासपुर । कृषि महाविद्यालय बिलासपुर के खेल मैदान में आयोजित अंतर कक्षा क्रिकेट प्रतियोगिता का फाइनल मैच आज बीटीसी वॉरियर्स (चतुर्थ वर्ष) एवं बीटीसी पैंथर्स (प्रथम वर्ष) के मध्य खेला गया जिसमें चतुर्थ वर्ष की टीम ने 06 विकेट से जीत दर्ज कर प्रथम पुरस्कार प्राप्त किया आज फाइनल मैच के मुख्य अभ्यागत डॉक्टर एन के चौर,ड़सुधांशु मिश्रा (सचिव, प्रदेश कांग्रेस कमेटी) अजय यादव (युवा कांग्रेस अध्यक्ष बेलतरा विधानसभा) विक्की यादव तथा महाविद्यालय से 2003 बैच के वरिष्ठ छात्र शिव राठौर, प्रतिभा पांडे, नीलिमा राजपूत, उमेश कश्यप, शैलेंद्र सिंह, विशेष रूप से मंचासीन रहे जिनके द्वारा इस प्रतियोगिता का प्रथम पुरस्कार प्रदान किया गया आज फाइनल मैच में बीटीसी वॉरियर्स के कप्तान निलेश कौर ने टॉस जीतकर बीटीसी पैंथर्स की टीम को पहले बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित किया जिसमें प्रथम वर्ष की टीम ने निर्धारित 10 ओवरों में जिज्ञासु के 30 रन एवं दीपेश सोमेश तथा देवेंद्र की उपयोगी पारियों की बदौलत 6 विकेट के नुकसान पर 122 रनों का स्कोर खड़ा किया एवं चतुर्थ वर्ष को 123 रनों का टारगेट दिया चतुर्थ वर्ष की तरफ से लोकेश साहू ने शानदार गेंदबाजी का प्रदर्शन करते हुए 03 विकेट प्राप्त किया लक्ष्य का पीछा करते हुए चतुर्थ वर्ष की टीम ने कप्तान निलेश कुर्रे एवं आशीष अनंत की ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की बदौलत 8.5 ओवरों में ही 126 रन बनाकर फाइनल में विजय हुए चतुर्थ वर्ष की तरफ से आशीष अनंत ने शानदार 50 रन निलेश कुर्रे ने 26 रन तथा पुष्यमित्र (शेखू) के द्वारा 13 रनों का योगदान दिया गया पूरी प्रतियोगिता में शानदार हरफनमौला खेल का प्रदर्शन करने वाले आशीष अनंत को मैन ऑफ द मैच एवं मैन ऑफ द सीरीज का पुरस्कार दिया गया तथा आज पुल क्च के फाइनल में तृतीय वर्ष ने द्वितीय वर्ष की टीम को हराकर पुल क्च का खिताब हासिल किया वहीं छात्राओं के मध्य मैच में बाउंड्री ब्लास्टर की टीम ने स्काई ब्रेकर्स की टीम को परास्त कर प्रथम पुरस्कार हासिल किया पुरस्कार वितरण समारोह में डॉक्टर एन के चौर ने खिलाडय़िों को संबोधित करते हुए कहा कि सर्वांगीण विकास के लिए खेल एवं पढ़ाई दोनों का विशेष महत्व है, सुधांशु मिश्रा के द्वारा इतना बेहतरीन आयोजन के लिए आयोजको को बधाई देते हुए प्रतिभागी खिलाडिय़ों एवं दर्शकों की अनुशासन एवं खेल भावना की सराहना करते हुए कहा कि युवा ही इस देश की शक्ति है जो आपके खेल को देखकर प्रतीत हो रहा है खिलाडिय़ों को संबोधित करते हुए अजय यादवने हार जीत को भूलाकर जीवन में आगे बढ़ाने एवं खेल के अनुशासन को अपना कर सफल बनने के लिए छात्र-छात्राओं को प्रोत्साहित किया, महाविद्यालय के 2003 बैच के वरिष्ठों द्वारा अपने महाविद्यालय अनुभव को साझा करते हुए प्रतियोगिता में आमंत्रित करने के लिए आयोजकों को धन्यवाद ज्ञापित किया गया। इस पूरे प्रतियोगिता के शानदार आयोजन करने में भवानी शंकर पटेल, दुष्यंत ठाकुर, राहुल मौर्य, रितेश ध्रुव, लोकेश साहू, पुष्यमित्र सिंह (शेखू), दीपक श्रीवास, गजेंद्र पटेल, शुभम सिन्हा,मनीष, निलेश, दीपेश, सुजल, संजय,विष्णु,हर्षित,केशव,अतुल, गौरव,कमल पटेल,भोज साहू, सुमित साहू, नरेंद्र,देवेंद्र, मंदिप, सोमेश,का सराहनीय योगदान रहा

  •  कोर्ट ने कहा, भ्रष्ट्राचार आर्थिक अपराधों को जन्म देता है, जिसका पूरे देश की अर्थव्यवस्था पर असर

     कोर्ट ने कहा, भ्रष्ट्राचार आर्थिक अपराधों को जन्म देता है, जिसका पूरे देश की अर्थव्यवस्था पर असर

    बिलासपुर। हाईकोर्ट ने शराब घोटाले के आरोपी अनवर ढेबर की जमानत याचिका चौथी बार खारिज की है। याचिका खारिज करते हुए कोर्ट ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के अनुसार भ्रष्टाचार केवल एक मामला नहीं, बल्कि यह दंडनीय अपराध है। अप्रत्यक्ष रूप से यह मानवाधिकारों को भी कमजोर करता है। भ्रष्ट्राचार आर्थिक अपराधों को जन्म देता है। आर्थिक अपराध गंभीर अपराध है। जिसका पूरे देश की अर्थव्यवस्था पर असर पड़ रहा है। बता दें कि इसके पहले लोवर कोर्ट, सुप्रीम बार कोर्ट और हाईकोर्ट से अनवर की याचिका खारिज हो चुकी है। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने कहा कि आवेदक के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल नहीं किया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी को जमानत का लाभ नहीं दिया जा सकता है। उल्लेखनीय है कि आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (ईओडब्ल्यू) एवं एन्टी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) ने रायपुर निवासी कारोबारी अनवर ढेबर के खिलाफ 11 जुलाई 2023 को मामला दर्ज किया था। सह अभियुक्त अनिल टुटेजा, अरुणपति त्रिपाठी एमडी सीएसएमसीएल, विकास अग्रवाल, संजय दीवान एवं अन्य आबकारी अधिकारियों के साथ सिंडीकेट बनाकर प्रदेश में शराब बिक्री से अवैध कमीशन वसूली के मामले में धारा 420, 468, 471 एवं 120 बी के तहत अपराध पंजीबद्ब कर अप्रैल 2024 को गिरफ्तार किया। 

    ईडी ने दर्ज किया था अलग से प्रकरण
    मामले में ईडी ने नवंबर 2024 को अलग से अपराध दर्ज किया है। इसके अलावा आयकर विभाग ने भी उसके अलग अलग परिसर में छापामार कार्रवाई की है। जेल में बंद अनवर ढेबर ने पूर्व में भी हाईकोर्ट में जमानत के लिए आवेदन किया था, जिसे खारिज कर दिया गया था। इसके बाद उसने सुप्रीम कोर्ट में जमानत याचिका दायर की थी। सुप्रीम कोर्ट ने केस हाईकोर्ट भेज दिया था, जिस पर सुनवाई हुई।

    पूरा सिंडीकेट था सक्रिय
     कोर्ट ने सुनवाई में पाया कि विभिन्न व्यक्तियों के बयान दर्ज किए गए जिन पर आरोप है के वे राज्य में शराब सिडिकेट का हिस्सा हैं। इसमें शराब डिस्टलरी संचालक, होलोग्राम निर्माता, बोतल निर्माताओं की सक्रिय भागीदारी थी। साथ ही ट्रांसपोर्टर, जनशक्ति प्रबंधन और जिला उत्पाद शुल्क अधिकारी शामिल हैं। डिस्टिलर्स को काम करने की अनुमति देने के लिए वार्षिक कमीशन का भुगतान किया गया। सिंडीकेट द्वारा साजिश को अंजाम दिया गया।