नेशनल डेस्क:  पोस्ट ऑफिस की बचत योजनाओं में निवेश करने वालों के लिए राहत भरी खबर है। वित्त वर्ष 2025-26 की अंतिम तिमाही की शुरुआत 1 जनवरी 2025 से हो चुकी है और इस दौरान पोस्ट ऑफिस की सभी छोटी बचत योजनाओं की ब्याज दरों को पहले जैसा ही रखा गया है। यानी निवेशकों को अब भी वही आकर्षक रिटर्न मिलता रहेगा, जिसने इन योजनाओं को देशभर में बेहद लोकप्रिय बना रखा है।

पोस्ट ऑफिस आम लोगों के लिए कई सुरक्षित निवेश विकल्प उपलब्ध कराता है, जिनमें से एक बेहद भरोसेमंद योजना है मंथली इनकम स्कीम (MIS)। यह स्कीम खास तौर पर उन लोगों के लिए बनाई गई है, जो एकमुश्त निवेश करके हर महीने तय आय चाहते हैं।

हर महीने पक्की कमाई का मौका

पोस्ट ऑफिस की MIS योजना में फिलहाल निवेशकों को 7.4 प्रतिशत सालाना ब्याज दिया जा रहा है। इस स्कीम की खास बात यह है कि ब्याज का भुगतान साल के अंत में नहीं, बल्कि हर महीने किया जाता है। यानी निवेश के बाद आपको नियमित आमदनी मिलती रहती है।

इस योजना में खाता खोलने के लिए कम से कम 1,000 रुपये का निवेश जरूरी है। वहीं, यदि आप सिंगल अकाउंट खोलते हैं तो इसमें अधिकतम 9 लाख रुपये जमा किए जा सकते हैं। जॉइंट अकाउंट की सुविधा भी उपलब्ध है, जिसमें अधिकतम 15 लाख रुपये तक निवेश किया जा सकता है। जॉइंट खाते में तीन लोगों को शामिल करने की अनुमति होती है।

एक बार निवेश, पांच साल तक फायदा

MIS Scheme में निवेश की प्रक्रिया बेहद सरल है। इसमें बार-बार पैसे डालने की जरूरत नहीं होती। आपको केवल एक बार एकमुश्त राशि जमा करनी होती है, जिसके बाद पूरे 5 साल तक हर महीने ब्याज की रकम आपके खाते में आती रहती है। स्कीम की अवधि पूरी होने पर, यानी मैच्योरिटी पर, आपको आपका पूरा निवेश वापस मिल जाता है।

अगर कोई निवेशक इस योजना में अधिकतम 9 लाख रुपये जमा करता है, तो उसे हर महीने करीब 5,550 रुपये ब्याज के रूप में मिलते हैं। यह रकम सीधे पोस्ट ऑफिस के बचत खाते में ट्रांसफर होती है, जिससे पैसे निकालना आसान हो जाता है।

खाता होना है जरूरी

MIS में निवेश करने के लिए पोस्ट ऑफिस में सेविंग अकाउंट होना अनिवार्य है। यदि किसी व्यक्ति का पहले से खाता नहीं है, तो उसे पहले बचत खाता खुलवाना होगा। इसके बाद ही मंथली इनकम स्कीम में निवेश किया जा सकता है, क्योंकि मासिक ब्याज की राशि इसी खाते में भेजी जाती है।

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Hasina
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